प्रदेश

यात्रियों की फिर बढ़ी परेशानी, रेलवे ने 24 ट्रेनों को किया रद्द

बिलासपुर : इन दिनों बिलासपुर मंडल से होकर गुजरने वाली दो दर्जन से अधिक ट्रेनें प्रभावित हैं, जानकारी के मुताबिक, 24 ट्रेनों को रद्द कर दिया गया है, जबकि 2 ट्रेनों का रूट डायवर्ट किया गया है। जिससे रेल यात्रियों को काफी परेशानी उठानी पड़ रही है।

रेलवे ने इन 24 ट्रेनों को किया रद्द 

इन दिनों रद्द चलने वाली गाड़ियों में चिरमिरी-चंदिया रोड पैसेंजर स्पेशल रद्द, टाटा इतवारी, झारसुगुड़ा गोंदिया, पुणे हावड़ा, साऊथ बिहार, सिकंदरा बाद एक्सप्रेस समेत अन्य गाडियां शामिल हैं। सुत्रों की मानें तो ट्रेन में सफर करने वाली हजारों यात्रियों को आगामी जुलाई माह तक इस तरह की परेशानी उठाने की संभावना जताई जा रही है।

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एआईसीसी महासचिव एवं प्रदेश प्रभारी सचिन पायलट का छत्तीसगढ़ दौरा

एआईसीसी महासचिव एवं प्रदेश प्रभारी सचिन पायलट 27 जून गुरूवार को दोपहर 2.25 बजे इंडिगों की नियमित विमान सेवा द्वारा नई दिल्ली से रायपुर पहुंचेंगे। दोपहर 3 बजे रायपुर एयरपोर्ट से अम्बिकापुर एयरपोर्ट जिला सरगुजा के लिये रवाना होंगे। शाम 4 बजे अम्बिकापुर पहुंचकर श्रीमती इंदिरा सिंह (बेबी राज) जी को श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे। शाम 5.20 बजे अम्बिकापुर एयरपोर्ट से रायपुर के लिये रवाना होंगे। रायपुर में रात्रि विश्राम।  

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विकास की पहुंच अंतिम छोर तक सुगम करने प्रदेश सरकार का भगीरथ प्रयास : नियद नेल्लानार

21वीं सदी के सभ्य समाज वाले इस दौर में विकास अपने पर चहुंओर फैला रहा है। विज्ञान, प्रौद्योगिकी और आधुनिक तकनीकों के बूते मनुष्य प्रगति के नित नए सोपान तय कर रहा है। नैसर्गिक सौंदर्य और प्राकृतिक सम्पदाओं से परिपूर्ण दण्डकारण्य क्षेत्र (बस्तर) भी आधुनिकता की राह चल पड़ा है, किन्तु अपनी सांस्कृतिक धरोहरों, परम्पराओं और विरासतों से सहज व अविरल स्नेह रखने वाले वनवीर (आदिवासी) आज भी शासन की योजनाओं का समुचित लाभ नहीं ले पा रहे हैं। समाज के अंतिम छोर तक विकास की पहुंच सुलभ कराने के दृढ़-संकल्प के साथ प्रदेश की साय सरकार पिछले छह माह से विभिन्न योजनाएं चला रही हैं। इन्हीं में से एक महत्वाकांक्षी योजना है- नियद नेल्लानार। विभिन्न विभागों में संचालित 34 व्यक्तिमूलक योजनाओं को बस्तर के माओवादी प्रभावित क्षेत्रों में घर-घर पहुंचाने संवेदनशील क्षेत्रों में स्थित गांवों में शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। सुदूर बीहड़ क्षेत्रों में निवासरत आदिवासियों को अब शिविरों के माध्यम से योजनाओं की जानकारी ही नहीं, बल्कि मौके पर तात्कालिक लाभ भी मिल रहे हैं। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने उक्त योजना को विस्तार देने 20 करोड़ रूपए के अतिरिक्त बजट का प्रावधान भी किया है।
क्या है नियद नेल्लानार योजना :-
‘नियद नेल्लानार‘ का शाब्दिक अर्थ है- आपका अच्छा गांव, जो एक दण्डामी बोली का शब्द है। विकास से किंचित अछूते ग्रामों में सुशासन की परिकल्पना, पराकाष्ठा व प्रतिबद्धता के साथ छत्तीसगढ़ सरकार ने यह योजना लागू की है। इसके तहत प्रभावित क्षेत्र में पांच किलोमीटर की परिधि में आने वाले गांवों में मूलभूत आवश्यकताओं व सुविधाओं को शत-प्रतिशत ग्रामीणों तक पहुंचाने प्रदेश सरकार भगीरथ प्रयास कर रही है, जहां सड़क, विद्युत, पीडीएस सेंटर, आंगनबाड़ी केन्द्र, स्कूल, उपस्वास्थ्य केन्द्र, पेयजल एवं कृषि सिंचाई की सुविधाएं, पंचायत एवं सामुदायिक भवन निर्माण, मोबाइल नेटवर्क आदि जरूरतों को सम्मिलित किया गया है। कांकेर जिले के कोयलीबेड़ा विकासखण्ड में ऐसे ही पांच गांव चिन्हांकित किए गए हैं जहां राज्य शासन के निर्देशानुसार जिला प्रशासन द्वारा कैम्प लगाकर ग्रामीणों को मौके पर ही सेवाएं एवं सुविधाएं उपलब्ध कराने का कार्य किया जा रहा है। इनमें ग्राम पंचायत पानीडोबीर और आलपरस के आश्रित ग्राम हितुलबेड़ा, हिचाकोट, हेटारकेसा, गुंदुल व अलपर शामिल हैं जहां तिथिवार समाधान शिविर लगाए जा रहे हैं। स्थानीय ग्रामीणों को शासन की योजनाओं से जोड़ने इन शिविरों में आधार पंजीयन, बैंक खाते, आयुष्मान कार्ड, स्वास्थ्य जांच कार्ड, मृदा स्वास्थ्य कार्ड, किसान क्रेडिट कार्ड, वन अधिकार मान्यता पत्र, सामाजिक पेंशन योजना, सुरक्षा बीमा योजना, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, प्रधानमंत्री आवास योजना, उज्ज्वला योजना, शौचालय निर्माण, नोनी सुरक्षा योजना, प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व वंदना योजना, ड्रायविंग लायसेंस, जन्म प्रमाणपत्र सहित राजस्व विभाग के तहत नक्शा, खसरा निर्माण, जाति, निवास, आय प्रमाण-पत्र, भूमि सीमांकन, नामांतरण बंटवारा, ऋण पुस्तिका निर्माण, आरबीसी 6-4 के तहत आर्थिक सहायता आदि के लिए कैम्प लगाकर समाधान किया जा रहा है।
मिलेगी 500 युनिट तक की निःशुल्क बिजली- नियद नेल्लानार के तहत प्रदेश सरकार द्वारा चालू वित्तीय वर्ष में 20 करोड़ का प्रावधान किया गया है, ताकि माओवादी प्रभावित क्षेत्र का कोई भी व्यक्ति शासन की सुविधाओं से वंचित न रहे। साथ ही इन गांवों में 500 युनिट तक की बिजली निःशुल्क कर दी गई है जिसका प्रत्यक्ष लाभ इन क्षेत्रों में निवासरत ग्रामीणों को मिल सके। इस तरह प्रदेश में विकास की गंगा बहाने के लिए छत्तीसगढ़ सरकार अपने छह महीने की अल्पावधि में प्रदेश की जनता के जीवन को सुगम और सुगढ़ बनाने सतत् भगीरथ प्रयास कर रही है। नियद नेल्लानार योजना वनवीरों को उनके गांव और घर तक सुविधा मुहैया कराने का एक बेहतर प्लेटफॉर्म साबित हुई है, जो प्रतिकूल परिस्थितियों का दंश झेल रहे ग्रामीणों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है।

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श्रवण यंत्र मिलने से दिव्यांग शिवम की खुशी हुई दुगनी

संवेदनशील मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने दिव्यांगजनों को समाज कल्याण विभाग के माध्यम से श्रवण यंत्र, ट्रायसाईकल, बैशाखी, कृत्रिम अंग उपकरण, सहित विभाग के अन्य योजनाओं से लाभान्वित करने के निर्देश अधिकारियों को दिए है। गरियाबंद जिले के श्रवण बाधित शिवम देवांगन को अब श्रवण यंत्र मिलने से सुनने एवं बोलने में सुविधा हो रही है, जिससे उसकी खुशी दुगनी हो गई है। 5 वर्षीय शिवम देवांगन 90 प्रतिशत श्रवण बाधित दिव्यांग है।

     श्रवण यंत्र एक ऐसा छोटा इलेक्ट्रॉनिक उपकरण है, जिसे कोई व्यक्ति कान के पीछे या कान में लगा सकता है। श्रवण यंत्र की विशेषता यह है कि कानों में सुनने की शक्ति को बढ़ा देता है, ताकि कम सुनने वाले लोग अपनी सुनने और बोलने की समझ में सुधार कर सकें। आज कई अलग-अलग प्रकार के श्रवण यंत्र उपलब्ध है। समाज कल्याण विभाग द्वारा जरूरतमंद लोगों को श्रवण यंत्र की सुविधा उपलब्ध करायी जाती है। इसी कड़ी में गरियाबंद निवासी श्रवण बाधित शिवम को सुनने, बोलने में काफी कठिनाई का सामना करना पड़ता था। वह वर्तमान में प्रत्येक सप्ताह जिला चिकित्सालय में स्पीच थैरेपी के लिए जाता है। किन्तु श्रवण यंत्र के अभाव में सुनने में कठिनाई को देखते हुए शिवम की माता ने श्रवण यंत्र के लिए समाज कल्याण विभाग में आवेदन की। इस पर कलेक्टर  दीपक कुमार अग्रवाल ने समाज कल्याण विभाग के अधिकारियों को उनके आवेदन पर संवेदनशीलता के साथ त्वरित कार्यवाही करने के निर्देश दिये। इस पर समाज कल्याण विभाग ने त्वरित कार्यवाही करते हुए सहायक उपकरण प्रदाय योजना अन्तर्गत श्रवण बाधित शिवम को 2 नग श्रवण यंत्र उपलब्ध कराया। शिवम को श्रवण यंत्र मिलने से वह अच्छी तरह से सुन पा रहा है, जिससे उसकी खुशी दुगनी हो गई और इसके लिए उनके परिवारजनों ने मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त किया है।

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मुख्यमंत्री विष्णु देव साय होंगें जनता से रूबरू : मुख्यमंत्री निवास में होगा जनदर्शन प्रत्येक गुरुवार

 मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय जनता से रूबरू होकर  27 जून को आम जनता की समस्या को सुनकर त्वरित निराकरण करेंगें। मुख्यमंत्री आमजनों से प्रत्येक गुरुवार “जनदर्शन” कार्यक्रम में जनता से मुलाकात करेंगें। यह कार्यक्रम हर गुरुवार को मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में पूर्वान्ह 11 बजे से दोपहर 01 बजे तक आयोजित किया जाएगा। मुख्यमंत्री श्री साय जनता से सीधे संवाद करेंगें और शासन की योजनाओं के क्रियान्वयन की जानाकरी लेंगें।
मुख्यमंत्री श्री साय  27 जून को “जनदर्शन” से मुलाकात कर उनकी समस्या से अवगत होंगे और नागरिकों की समस्याओं को सुनकर एवं उनके यथासंभव त्वरित निराकरण हेतु संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करेंगे। इसके साथ ही जनता के सुझाव, शासकीय योजनाओं की उन तक पहुंच की जानकारी भी इस माध्यम से प्राप्त करेंगे।

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उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने मल्टी-विलेज जलप्रदाय योजना और सड़क निर्माण कार्यों का किया निरीक्षण

उप मुख्यमंत्री  अरुण साव ने मंगलवार को अपने रायगढ़ प्रवास के दौरान विभिन्न निर्माण कार्यों का निरीक्षण कर आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने जल जीवन मिशन के अंतर्गत भेलवाटिकरा संबलपुरी मल्टी-विलेज जलप्रदाय योजना के तहत निर्माणाधीन वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट का निरीक्षण किया। उन्होंने रायगढ़-पूंजीपथरा-घरघोड़ा-धरमजयगढ़ मार्ग के निर्माण कार्य को भी देखा।
                
उप मुख्यमंत्री श्री साव को भेलवाटिकरा संबलपुरी मल्टी-विलेज जलप्रदाय योजना के तहत निर्माणाधीन वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट के निरीक्षण के दौरान लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधिकारियों ने बताया कि आसपास के 29 गांवो में जलापूर्ति के लिए यह वाटर ट्रीटमेंट प्लांट तैयार किया जा रहा है। इसके लिए रॉ वॉटर केलो डैम से लाकर उसका ट्रीटमेंट किया जाएगा। श्री साव ने कार्यस्थल पर अधिकारियों से वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट की कार्यविधि की जानकारी ली। उन्होंने निर्धारित समयावधि में योजना के सभी कार्यों को पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने केलो डैम के इंटेकवेल का भी निरीक्षण किया जहां से ट्रीटमेंट प्लांट में पानी सप्लाई किया जाएगा। अधिकारियों ने बताया कि इंटेकवेल के बेस का कार्य पूर्ण हो चुका है। अब ऊपरी हिस्सों का काम शुरू किया जा रहा है।
         
उप मुख्यमंत्री  अरुण साव ने रायगढ़-पूंजीपथरा-घरघोडा-धरमजयगढ़ मार्ग के निर्माण कार्यों का भी निरीक्षण कर अन्य निर्माणाधीन कार्यों की जानकारी ली। उन्होंने जिले में चल रहे सभी कार्यों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने एवं सतत् फील्ड निरीक्षण कर काम पूर्ण करने के निर्देश दिए। उप मुख्यमंत्री को लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों ने बताया कि रायगढ़-पूंजीपथरा-घरघोड़ा-धरमजयगढ़ मार्ग में 56 किलोमीटर का कार्य किया जा रहा है। कुछ स्थानों पर निर्माण कार्य चल रहे हैं जो एक सप्ताह में पूर्ण हो जाएगा।

श्री साव को अधिकारियों ने बताया कि खरसिया-धरमजयगढ़ मार्ग में 91 किलोमीटर का कार्य प्रगति पर है जिसका 42 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है। उप मुख्यमंत्री श्री साव के कार्यस्थलों के निरीक्षण के दौरान लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के बिलासपुर परिक्षेत्र के मुख्य अभियंता  संजय सिंह, कार्यपालन अभियंता  परीक्षित चौधरी, लोक निर्माण विभाग के कार्यपालन अभियंता  अमित कश्यप और एसडीओ  मुरारी सिंह नायक सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि भी मौजूद थे।

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Breaking : 1 करोड़ के इनामी नक्सली की मौत, सालों से तलाश में जुटी थी पुलिस

जगदलपुर । नक्सल संगठन के पोलित ब्यूरो मेंबर और लगभग एक करोड़ रुपए के इनामी माओवादी आनंद उर्फ सुदर्शन की मौत हो गई है। छत्तीसगढ़ और तेलंगाना की सीमा पर स्थित नक्सलियों के बेस कैंप में नक्सली लीडर ने दम तोड़ा। नक्सलियों ने प्रेस नोट जारी कर आनंद की मौत की पुष्टि की है। आनंद ताड़मेटला, रानीबोदली, टेकलगुड़म, बुरकापाल समेत की नक्सल घटनाओं की प्लानिंग में शामिल था।प्रेस नोट में लिखा है कि इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। नक्सलियों की केंद्रीय कमेटी की ओर से जारी करीब 32 पन्नों के प्रेस नोट में लिखा है कि आनंद शुगर, बीपी जैसी बीमारियों से ग्रसित था। 31 मई 2023 को आनंद ने छत्तीसगढ़-तेलंगाना सीमा पर नक्सली बेस कैंप में दोपहर 12 बजे अंतिम सांस ली। मौत के बाद नक्सल संगठन ने अपने ही किसी ठिकानों में अंतिम संस्कार कर दिया । हालांकि नक्सलियों ने मौत की तारीख को काल्पनिक बताया है। यानी मौत की असली तारीख क्या है, इसे स्पष्ट नहीं किया गया है। वहीं, पुलिस को मौत की जानकारी नहीं है।

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BREAKING: जिला सहकारी केंद्रीय बैंक के 2 शाखा प्रबंधकों समेत 5 कर्मी बर्खास्त…!!

बिलासपुर :  अनियमितता बरतने वाले जिला सहकारी केंद्रीय बैंक के दो शाखा प्रबंधकों समेत पांच कर्मचारियों को बर्खास्त किया गया है। कलेक्टर अवनीश शरण ने प्रकरण की जांच करवा बर्खास्तगी के निर्देश दिए थे। जिसके बाद बर्खास्तगी हुईं। एक का डिमोशन भी किया गया है।

संतोष कुमार सोनी, पर्यवेक्षक अकलतरा शाखा जांजगीर को शाखा अकलतरा के पुराना रिहाल्विंग खाता जिसमें दिनांक 23.03.2013 पर राशि 1,53,82,902 का तत्कालीन शाखा प्रबंधक द्वारा समायोजन किया गया था जो कि पूर्णतः गलत या, इन खातों में (अंतिम बेलेन्स जिसे नये रिहाल्विंग बातों में प्रशंकर किया गया) का योग जमा की गई राशि 1,53,82,902.00 के बराबर नहीं है। राशि का उपयोग समिति को भुगतान करने व धान खरीदी के भुगतान के अग्रेषण किये जाने की जांच कराई।

संतोष कुमार सोनी पर्यवेक्षक के द्वारा जांच अधिकारी को प्रस्तुत प्रतिउत्तर समाधानकारक नहीं होने तया आरोप कमांक 01 को प्रमाणित पाये जाने पर बैंक कर्मचारी सेवा नियोजन, निबंधन तथा उनकी कार्यरिवति) नियम 1982 के शिवम कं.57 (एक) गंभीर दण्ड अंतर्गत उपनियम के. (ब) के अंतर्गत संस्था प्रबंधक के पद पर पदावनत किये जाने का दण्ड सेवानियम कं.61 के अनुसार सर्वसम्मति से लिया गया साथ ही यह भी निर्णय लिया गया।

माधव सिंह चौहान शाखा प्रबंधक, शाखा करगीरोड़ को समितियों का के.सी.सी. अंतर्गत ऋण वितरण का समायोजन विलंब किये जाने, केश रेक्टिफिकेशन आता से जमा/नागे किये जाने आदि के संबंध में आरोप पत्र जारी किया गया। आरोप पत्र में उल्लेखित 04 में से 02 आरोपों को आंशिक रूप से जांच अधिकारी के द्वारा प्रमाणित पाया गया है। तया माधव सिंह चौहान शाखा प्रबंधक, शाखा करगीरोड़ के एक अन्य प्रकरण में शप्रकाश कुंभज बैंक कर्मचारी के साथ में 13. 08.2021 से अब तक लगभग 30 किसानों के खाते से अनियमित तरीके से राशि नगद एवं ट्रांसफर कर गड़बड़ी किये जाने पर आरोप पत्र जारी किया गया। माधव सिंह चौहान के द्वारा उक्त गड़बड़ी की सर्वप्रथम सूबना दी गई थी।

जांच प्रतिवेदन में खाताधारकों एवं अनपोस्टेड की राशि गड़बड़ी पाये जाने पर उक्त राशि जमा करायी गई है। जिससे यह प्रमाणित होता है कि लगाये गये आरोप सही है। जिसके लिये माधव सिंह चौहान दोषी होने का लेख किया गया है।

माधव सिंह चौहान, शाखा प्रबंधक के द्वारा जांच अधिकारी को प्रस्तुत प्रतिउत्तर समाधानकारक नहीं होने तथा आरोप कमांक 01 से 06 को प्रमाणित दोषी पाये जाने पर बैंक कर्मबारी सेवा नियोजन, निबंधन तथा उनकी कार्यस्थिति) नियम 1982 के नियम कं.57 (एक) गंभीर दण्ड अंतर्गत उपनियम कं. (ब) के अंतर्गत सहायक लेखापाल के पद पर पदावनत किये जाने का दण्ड सेवानियम के.61 के अनुसार सर्वसम्मति से लिया गया।

प्रवीण कुमार शर्मा, कनिष्ठ लिपिक शाखा मालखरौदा के द्वारा पंकज भूषण मिश्रा एवं शांतादेवी मिश्रा का संयुक्त खाता जो सीपत शाखा में संचालित है, से विभिन्न दिनांक पर कुल राशि रूपये 95 हजार आहरण शाखा मालखरौदा से किये जाने संबंधी जांच कराई गई। उक्त के संबंध में आरोप पत्र जारी किया गया। जांच अधिकारी के द्वारा आरोपों की जांव कर आरोप को प्रमाणित पाया गया है तथा बैंक के केश क्लियरिंग आते को देविट किया जाना पाया गया है।

बैंक कर्मचारी सेवा नियोजन, निबंधन तथा उनकी कार्यस्थिति) नियम 1982 के नियम के. 57 (एक) गंभीर दण्ड के उप नियम (द) के अनुसार “सेवा से (पृथक करना) किया जाना जो भावी नियोजन के लिये निर्हरता न होगी,” संबंधी दण्ड प्रवीण कुमार शर्मा को दिये जाने का निर्णय सेवानियम कमांक 61 के अंतर्गत सर्वसम्मति से लिया गया है।

विरेन्द्र कुमार आदित्य, प्रबंधक शाखा मालखरौदा पंकज भूषण मिश्रा एवं शांतादेवी मिश्रा का संयुक्त खाता जो सीपत शाखा में संचालित है, से विभिन्न दिनांक पर कुल राशि रूपये 95 हजार आहरण शाखा मालखरौदा से किये जाने संबंधी जांच कराई गई। उक्त के संबंध में आरोप पत्र जारी किया गया। जांच अधिकारी के द्वारा आरोपों की जांच कर आरोप को प्रमाणित पाया गया है तथा बैंक के केश क्लियरिंग आते को डेबिट किया जाना पाया गया है। बैंक कर्मचारी सेवा (नियोजन, निबंधन तथा उनकी कार्यस्थिति) नियम 1982 के नियम के.57 (एक) गंभीर दण्ड के उप नियम (द) के अनुसार “सेवा से (पृयक करना) किया जाना जो भावी नियोजन के लिये निर्हरता न होगी,” संबंधी दण्ड विरेन्द्र कुमार आदित्य को दिये जाने का निर्णय सेवानियम कमांक 61 के अंतर्गत सर्वसम्मति से लिया गया है।

प्रकाश चंद कुभंज लिपिक सह कम्प्यूटर ऑपरेटर निलंबित (तात्कालिन शाखा करगीरोड) को खाताधारकों बैंक के अनपोस्टेड खातों से अनियमित तरीके से नगद एवं ट्रांसफर द्वारा गड़बड़ी के संबंध में जांच कराई गई। जांच अधिकारी के द्वारा जांच प्रतिवेदन में लेख किया गया है कि खाताधारकों एवं अनपोस्टेड की राशि गड़बड़ी राशि मूलधन 3091506.00 तथा ब्याज की राशि 51496.00 रूपय पाये जाने पर उक्त राशि जमा करायी गई है। जिससे यह प्रमाणित होता है कि लगाये गये आरोप सही है। प्रकाश चंद कुंभज दोषी है।

बैंक कर्मचारी सेवा नियोजन, निबंधन तथा उनकी कार्यस्थिति) नियम 1982 के नियम कं.57 (एक) गंभीर दण्ड के उप नियम (द) के अनुसार “सेवा से (पृयक करना) किया जाना जो भावी नियोजन के लिये निर्हस्ता न होगी,” संबंधी दण्ड प्रकाश चंद कुंभज को दिये जाने का निर्णय सेवानियम कमांक 61 के अंतर्गत सर्वसम्मति से लिया गया है।

शंशाक शास्त्री, भृत्य प्रधान कार्यालय के द्वारा गई 2018 से बिना सूचना के लगातार अनुपस्थित रहने के संबंध में आरोप पत्र एवं पूरक आरोप पत्र जारी किया गया। ततसंबंध में जांच अधिकारी नियुक्त कर विभागीय जांच कराई गई। जांच अधिकारी के द्वारा प्रस्तुत जांच प्रतिवेदन में शशांक शास्त्री के आरोप पत्र में उल्लेखित आरोप क्रमांक 01 से 02 तक प्रमाणित पाया गया एवं पूरक आरोप कं.02 एवं 03 प्रमाणित पाया गया है का लेख कर जांच प्रतिवेदन प्रस्तुत किया गया है। जिसके चलते उसे बर्खास्त किया गया।

शाखा अकलतरा में पदस्थ लिपिक करुणेश कुमार चंद्राकर ने लघु कृषक को दीर्घ कृषक के रूप में केसीसी ऋण वितरित किया गया। जिसके चलते उसे भी सेवा से पृथक किया गया है।

 
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देश में आपातकाल लगाने के कलंक की दोषी है कांग्रेस - भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण देव

देश में आपातकाल लगाने के कलंक की दोषी है कांग्रेस - भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण देव

सत्ता में बने रहने के स्वार्थ में कांग्रेस ने देश को आपातकाल की ज़जीरों में कैद किया - किरण देव

भाजपा ने काला दिवस दिवस के रूप में मनायी आपातकाल की 49 वीं बरसी, मीसा बंदियों के परिजनों को समारोह पूर्वक भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण देव ने किया सम्मानित

कांग्रेस के काली करतूत आपातकाल से देश को परिचित होना चाहिये - रूप सिंह मण्डावी

जगदलपुर : भारतीय जनता पार्टी ने कांग्रेस द्वारा देश में जबरिया थोपे गये आपातकाल की 49 बरसी मंगलवार को कालादिवस के रुप में मनाया और आपातकाल को भारतीय लोकतंत्र के इतिहास का सर्वाधिक काला अध्याय निरूपित किया। भाजपा जिला कार्यालय में आपातकाल कालादिवस पर संगोष्ठी का आयोजन किया गया, जिसमें भाजपा प्रदेश अध्यक्ष व विधायक किरण देव शामिल हुये।

जहाँ आपातकाल के समय जेलों में डाल दिये गये मीसा बंदियों के परिजनों का आत्मीय सम्मान भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण देव ने किया। किरण देव ने कहा कि आपातकाल भारत के लोकतांत्रिक इतिहास का कलंक है, जिसे कांग्रेस के अत्याचारी शासन में देश व देशवासियों ने भोगा है। आपातकाल के संबंध में आज हिन्दुस्तान के प्रत्येक युवा व नागरिकों को जानना चाहिये।

आपातकाल कालादिवस संगोष्ठी को संबोधित करते हुये भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण देव ने कहा कि कांग्रेस की तात्कालीन प्रधानमंत्री स्व. इंदिरा गाँधी ने 25 जून 1975 को अपनी सत्ता बचाने के लिये समूचे देश को आपातकाल की कैद में डाल दिया था। लगातार 19 महीने चले आपातकाल में नागरिकों को बोलने की स्वतंत्रता नहीं थी, समाचारपत्रों में निष्पक्ष लिखने की स्पष्ट मनाही थी, लाखों लोगों को रातोंरात जेलों में बंद कर दिया गया था। जिसने भी सरकार के विरुद्ध आवाज उठायी, उसे तत्काल गिरफ्तार किया जाता था।

एक तानाशाही शासन कैसे होता है, यह कांग्रेस ने अपनी सरकार चलाने के लिये किया। किरण देव ने कहा कि देश के उन कठिनतम समय की कल्पना तक हम नहीं कर सकते कि देश के एक-एक नागरिक के मौलिक अधिकार तक कांग्रेस ने छीन लिये थे। आज उसी कांग्रेस के नुमाइंदे देश के लोकतंत्र को बचाने की दुहाई देकर ओछी राजनीति करने से बाज नही आ रहे।

किरण देव ने कहा कि कांग्रेस के आपातकाल के कलंक को भारतीय जनता पार्टी कालादिवस कहती है। देश व समग्र देशवासियों को कांग्रेस की ऐसी काली और जघन्य करतूत की जानकारी होनी चाहिये। 

भाजपा जिला अध्यक्ष रुप सिंह मण्डावी ने कहा कि लोकतांत्रिक मूल्यों की हत्या करने की दोषी कांग्रेस है, देश में आपातकाल लगाकर कांग्रेस ने इसे स्वयं साबित किया था। देश में आपातकाल का वह भयावह दौर और कांग्रेस की ऐसी सच्चाई से समूचे देश को बारंबार अवगत होना चाहिये। महज सत्ता में बने रहने के स्वार्थ में कांग्रेस ने देश को आपातकाल की बेड़ियों से जकड़ दिया था। 

भाजपा जिला कार्यालय में आयोजित संगोष्ठी समारोह पूर्वक सम्मानित किये गये मीसा बंदियों के परिजनों में दिनेश भारती, सतीश अवस्थी, ज्ञानेंद्र कुशवाहा, ऋषि हेमाणी व अरूण शर्मा शामिल रहे। जिनका भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण देव ने शाल श्रीफल भेंट कर सम्मान किया। कार्यक्रम का कुशल संचालन पूर्व नगर मण्डल अध्यक्ष राजेन्द्र बाजपेयी ने किया। जिनके द्वारा आपातकाल के दौर के पुराने चलचित्र भी टीवी स्क्रीन के माध्यम से कार्यक्रम में दिखाये गये। 

संगोष्ठी आयोजन में प्रमुख रूप से विद्या शरण तिवारी, मनीराम कश्यप, महापौर सफीरा साहू,श्रीनिवास मिश्रा, श्रीधर ओझा, गोदावरी साहू, रामाश्रय सिंह, वेदप्रकाश पाण्डेय, नरसिंह राव, अश्विन सरडे, दंतेश्वर राव, उमाकांत सिंह,आनंद मोहन मिश्रा, सुरेश गुप्ता, मनोहर तिवारी, आर्येन्द्र आर्य, अविनाश श्रीवास्तव, सुधा मिश्रा, रामकुमारी यादव, त्रिवेणी रंधारी, भारती श्रीवास्तव, नीलम यादव, ममता पोटाई,रौशन सिसोदिया, प्रमिला कपूर, निर्मल पाणिग्रही, राजपाल कसेर, यशवर्धन राव, दिगम्बर राव, धनसिंह नायक, रंजीत पाण्डेय, नरेंद्र पाणिग्रही, अशोक नेताम, मनोज पटेल, योगेश शुक्ला, संतोष बाजपेयी, प्रदीप देवांगन,राजेश श्रीवास्तव, सुरेश कश्यप, अभय दीक्षित, शैलेंद्र भदौरिया, विक्रम सिंह यादव, राजीव त्रिवेदी, दिनेश केजी, बबलू दुबे, विनय राजू, अमरनाथ झा, सूर्य भूषण सिंह, रूपेश जैन, खेम सिंह देवांगन, मनी विक्रम, अनिमेष चौहान, आशू आचार्य, अभिषेक तिवारी, सतीश बाजपेयी, सुधीर शर्मा, अतुल सिम्हा,श्रीनिवास रथ, प्रकाश रावल, हरीश पारेख, सपन देवांगन, शशि रथ, राजेश दास, राधेश्याम पन्द्रे आदि सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे। 

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उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने बिलासपुर जिले के कोनी आईटीआई का किया निरीक्षण

हैरिटेज बिल्डिंग के रूप में संरक्षित करने का होगा प्रयास

 

संस्थान के विकास के लिए एक्शन प्लान बनाने दिए निर्देश

संस्थान के विकास के लिए एक्शन प्लान बनाने दिए निर्देश

उप मुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने आज बिलासपुर जिले के कोनी स्थित आदर्श आईटीआई का निरीक्षण किया। वर्तमान में लगभग 1200 विद्यार्थी इसमें विभिन्न प्रकार के 33 ट्रेडों में पढ़ाई कर रहे हैं। श्री शर्मा ने विभिन्न शाखाओं का निरीक्षण कर पढ़ाई कर रहे बच्चों से बातचीत की। उन्होंने इस संस्थान के विकास को लेकर अधिकारियों की बैठक भी ली। उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने कहा कि जनप्रतिनिधियों से सलाह लेकर इस प्राचीन संस्थान की गरिमा को पुनःस्थापित करने के लिए एक कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश भी दिए। इस अवसर पर विधायक  सुशांत शुक्ला, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीअरूण सिंह चौहान एवं कलेक्टर अवनीश शरण सहित अन्य अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।

संस्थान के विकास के लिए एक्शन प्लान बनाने दिए निर्देश

संस्थान के विकास के लिए एक्शन प्लान बनाने दिए निर्देश

संस्थान के विकास के लिए एक्शन प्लान बनाने दिए निर्देश

    निरीक्षण के दौरान उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि बच्चों की सुविधा के लिए एक और हॉस्टल बनाये जाने की जरूरत है। फिलहाल केवल सवा सौ छात्र-छात्राओं के लिए दो हॉस्टल सुविधा है, जो कि अपर्याप्त है। उन्होंने संचालित इन दोनों छात्रावासों में मेस सुविधा भी शुरू करने के निर्देश दिए। उन्होंने समय की मांग के अनुरूप नये ट्रेड्स खोलने की जरूरत भी बताई। जिन ट्रेड्ों में रोजगार एवं नौकरी की संभावनाएं बंद हो गई हैं, उन्हें बंद करने का प्रस्ताव भी संचालनालय भेजने को कहा। आईटीआई वर्तमान में 60 एकड़ भूमि पर फैला हुआ है। इसके सामने के कुछ हिस्से को व्यावसायिक उद्देश्य के लिए परिवर्तित कर संस्थान की आमदनी बढ़ाई जा सकती है। श्री शर्मा ने कहा कि चूंकि यह एशिया की सबसे पहली आईटीआई के रूप में पहचान रखती है। इसलिए इसे हैरिटैज बिल्डिंग के रूप में संरक्षित रखने का प्रयास करना चाहिए। उन्होंने संस्थान के परिसर की साफ-सफाई करने के निर्देश भी दिए।

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सफलता पाने युवा वर्ग पूरी ताकत से करें परिश्रम : उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा

अटल बिहारी बाजपेई विश्वविद्यालय के 13वें स्थापना दिवस समारोह में शामिल हुए उप मुख्यमंत्री

 

उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा

उप मुख्यमंत्री  विजय शर्मा आज अपने बिलासपुर प्रवास के दौरान अटल बिहारी बाजपेई विश्वविद्यालय के 13वें स्थापना दिवस समारोह में शामिल हुए। उन्होंनेे विश्वविद्यालय परिसर में स्थापित पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्व.  अटल बिहारी बाजपेई की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हे सादर नमन किया। उन्होेंने यूनिवर्सिटी में कम्प्यूटर लैब का भी उद्घाटन किया। उप मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने इस अवसर पर कहा विश्वविद्यालय आज अपना 13वां स्थापना दिवस मना रहा है। अपने उद्बोधन की शुरूआत अटल जी की कविता से करते हुए उन्हे श्रद्धांजलि दी। उन्होंने युवाओं से आह्वान करते हुए कहा कि जीवन में पूरी ताकत और मनोयोग से परिश्रम करें तो आपको जरूर सफलता मिलेगी। युवाओं को सच्चाई के मार्ग से कभी विचलित नहीं होने की सीख दी। इस अवसर पर उन्होंने विश्वविद्यालय के उत्कृष्ट शिक्षकों और बच्चों को पुरस्कार बांटे।

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उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने विश्वविद्यालय की त्रैमासिक पत्रिका कन्हार और मासिक पत्रिका अटल दृष्टि सहित अन्य प्रकाशनों का विमोचन भी किया। कार्यक्रम में अतिविशिष्ट अतिथि के रूप में बेलतरा विधायक  सुशांत शुक्ला मौजूद थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता कुलपति एडीएन बाजपेई ने की। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि आज का दिन विशेष है। अल्पसमय में ही यूनिवर्सिटी ने सफलता के नये आयाम स्थापित किए है। मुझे यहां आकर बड़ी प्रसन्नता हुई। उन्होंने भरोसा दिलाया कि यूनिवर्सिटी को नये सोपान तय करने के लिए जो भी आवश्यकता होगी उसके लिए छत्तीसगढ़ शासन हर संभव मदद करेगा। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे जीवन में सफल होने के लिए शॉर्टकट न अपनाएं।

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शॉपिंग कॉम्प्लेक्स बना शराबियों का अड्डा, करोड़ों खर्च कर निगम ने बनाई थी बिल्डिंग, अब खंडहर में हो रही तब्दील

जगदलपुर। तकरीबन 20 वर्ष पहले नगर निगम क्षेत्र के प्राइम लोकेशन पर बनी दो बड़ी बिल्डिंग निगम की अनदेखी की वजह से खंडहर में तब्दील हो चुकी है और शराबियों का अड्डा बन गया है। 

निगम ने करोड़ों खर्च कर शहर के चांदनीचौक शहीद पार्क रोड और पुराने बस अड्डे पर स्थित शॉपिंग कॉम्प्लेक्स बनाए थे। इस बिंल्डिंग का उद्देश्य शहर की दुकानों को एक बिल्डिंग में शिफ्ट करना और शॉपिंग मॉल के रूप में इसे बदलना था, लेकिन बिल्डिंग तैयार होते वक्त ही कई रसूखदारों ने इस बिल्डिंग की दुकानों को खरीद लिया और खरीदी हुई दुकानों का रेट निगम दर से नहीं बल्कि कमर्शियल दर तय होने लगे। इतना ही नहीं पुराने बस अड्डे पर स्थित निगम की बिंल्डिंग अभी भी अधूरी पड़ी हुई है। शहर के लोग लंबे समय से इस बिल्डिंग को पूरा करने की मांग करते रहे, लेकिन निगम ने लोगों की एक ना सुनी। इस मुद्दे पर जमकर सियासत भी हुई। भाजपा कांग्रेस में जुबानी जंग चली, लेकिन परिणाम के रूप में कुछ भी हाथ नहीं लगा। 

पिछले 2 बार से शहर में कांग्रेस की सरकार बनी। भाजपा आरोप लगाती रही कि कांग्रेस की सरकार ही पक्षपात कर रही है। जब हमारी सरकार निगम में बनेगी तब हम दोनों ही बिल्डिंगों को सुधार कर लोगों के लिए सौंप देंगे। लोकसभा चुनाव के वक्त कांग्रेस की महापौर सफिरा साहू अपने 4 पार्षदों के साथ भाजपा में शामिल हो गई। इसके बाद शहर में कांग्रेस की सरकार गिरी और भाजपा की सरकार बन गई। लोगों में एक उम्मीद जरूर जगी कि अब दोनों ही बिल्डिंग सुधार जाएंगे और दुकानें कम दर में मिलेगी, जिसमें रोजगार किया जा सकेगा, लेकिन अब तक इस ओर कोई खास पहल नहीं की जा रही है। 

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यूपीएससी की तैयारी करने वाले छात्र ने बनाया पति-पत्नी का अश्लील वीडियो, फिर करने लगा ये घटिया डिमांड, अब ऐसे चढ़ा पुलिस के हत्थे

दुर्ग। पति पत्नी का वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने का मामला सामने आया है। यहां आरोपी ने दंपति के निजी पलो का वीडियो बनाकर प्रार्थी से 10 लाख रूपये की मांग की है। पुलिस ने अरोपी विनय कुमार साहू को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी के पास से 3 नग मोबाइल और 3 नग सिम जब्त किया है।

बताया जा रहा है कि आरोपी यूपीएससी की तैयारी कर रहा था, जिसमे नाकामयाब होने के बाद उसने चोरी और ब्लैकमेल का अपराध करना शुरू कर दिया। पुरे मामले में सायबर यूनिट एवं नंदिनी पुलिस ने मिलकर कार्रवाई की है।

जानकारी के मुताबिक, अहिरवारा के वार्ड-2 निवासी विनय कुमार साहू (28) आदतन चोर है। वह एक मकान में चोरी करने घुसा तो पति-पत्नी निजी पलों में लीन थे। इस दौरान चोर ने अपने मोबाइल से उनका वीडियो बना लिया और बिना चोरी किए चला गया। आरोपी ने पुलिस को बताया कि वह पहले भी उनके घर में दो बार चोरी कर चुका था।

शिकायतकर्ता ने पुलिस को बताया कि, उनके वॉट्सऐप पर अलग-अलग नंबर से उनके पर्सनल वीडियो आ रहे हैं। वीडियो भेजने वाला ब्लैकमेल कर रहा है। साथ ही धमकी दे रहा है कि, अगर 10 लाख रुपए नहीं नहीं दिए तो वह वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल कर देगा।

मामले की गंभीरता को देखते हुए SP जितेंद्र शुक्ला ने पुलिस के साथ ही SCCU की टीम गठित की। जांच के दौरान पुलिस ने नंबरों को ट्रेस किया और आरोपी विनय साहू तक जा पहुंची। पूछताछ में उसने अश्लील वीडियो बनाने और उन्हें भेजकर रकम मांगने की बात स्वीकार कर ली।

पुलिस ने बताया कि, आरोपी चोर कभी भी वीडियो अपने नंबर नहीं भेजता था। वो सब्जी लेने भीड़ वाली जगहों में जाता था। वहां मौका देखकर लोगों का मोबाइल चोरी कर लेता। इसके बाद उस नंबर से शिकायतकर्ता को वीडियो भेजकर धमकी देता था।

आरोपी विनय कुमार साहू इंजीनियरिंग पास है। वह कई सालों से बड़े ही शातिर तरीके से चोरी की कई घटनाओं को अंजाम दे चुका है। पुलिस उसे आज तक नहीं पकड़ पाई थी। इस बार उसने वीडियो बनाकर वायरल करने की धमकी दी, जिससे वो पुलिस के राडार में आया और उसे गिरफ्तार कर जेल भेजा गया।

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CG : फर्जी मार्कशीट के सहारे कर रहे थे नौकरी...DEO ने लिया एक्शन,चार प्रधान पाठक निलंबित

कोरबा। कोरबा डीईओें ने 4 प्रधान पाठकों को निलंबित कर दिया है। आरोप है कि शिक्षाकर्मी वर्ग-3 की भर्ती के वक्त 12वीं बोर्ड की कूटरचित मार्कशीट जमाकर शिक्षक की नौकरी प्राप्त की थी। शिकायत के बाद जांच में इस बात का खुलासा होने पर डीईओं ने चारों प्रधान पाठकों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। बताया जा रहा है कि निलंबन की कार्रवाई के बाद चारों प्रधान पाठकों के खिलाफ आरोप पत्र जारी कर बर्खास्तगी की कार्रवाई की जायेगी। 

जानकारी के मुताबिक शिक्षा विभाग में फर्जीवाड़े का ये पूरा मामला कोरबा विकासखंड का है। बताया जा रहा है कि साल 2007 में कोरबा जनपद द्वारा शिक्षाकर्मी वर्ग 3 की भर्ती का आवेदन लिया गया था। इस भर्ती प्रकिया में मिनेश कौशिक, विनोद निराला, राम लाल जांगड़े और दिलीप कुर्रे द्वारा कूटरचित 12वीं बोर्ड की सर्टिफिकेट जमा की गयी थी। इस मामले पर 15 साल बाद शिकायत होने पर जिला शिक्षाधिकारी द्वारा जांच का आदेश दिया गया।बीईओें संजय अग्रवाल द्वारा मामले की जांच शुरू की गयी। जांच में भर्ती प्रक्रिया के वक्त जमा किये गये अंकसूची और सेवा पुस्तिका में प्रस्तुत अंकसूची में अंतर पाया गया। 

इस खुलासे के बाद डीईओं टी.पी.उपाध्याय ने मौजूदा वक्त में कोरबा विकासखंड के प्राथमिक शालाओं में प्रधान पाठक के पद पर पदस्थ चारों प्रधान पाठकों को निलंबित कर दिया है। डीईओं टी.पी.उपाध्याय ने बताया जांच में शिकायत सही पाये जाने पर सबसे पहले निलंबन की कार्रवाई की गयी है। जल्द ही चारों प्रधान पाठकों के खिलाफ आरोप पत्र तय कर उनकी बर्खास्तगी की कार्रवाई की जायेगी।

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रेल एक्सिडेंट: झारसुगुड़ा-बिलासपुर-रायपुर-नागपुर सेक्शन होगा “कवच सुरक्षा तकनीक” के दायरे में ।*

*दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे का महत्वपूर्ण झारसुगुड़ा-बिलासपुर-रायपुर-नागपुर सेक्शन होगा “कवच सुरक्षा तकनीक” के दायरे में ।* *इस ऑटोमैटिक तकनीक के जरिए अब दो गाड़ियों के बीच आमने-सामने से टक्कर नहीं होगी ।* रायपुर/ बिलासपुर - 25 जून, 2024 भारतीय रेलवे ने चलती हुई ट्रेनों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए “कवच” नामक एक स्वचालित ट्रेन सुरक्षा (ऑटोमैटिक ट्रेन प्रोटेक्शन) प्रणाली विकसित की है । यह पूर्ण रूप से स्वदेशी तकनीक है और ट्रेनों के संचालन की हर पल निगरानी करती है । यह प्रणाली सिग्नल एवं स्पीड से संबन्धित दुर्घटनाओं को रोकने में पूर्णतया सक्षम है । ट्रेनों का संचालन मुख्यतया स्टेशन पर विद्यमान परिचालन प्रणाली एवं ट्रेन ड्राइवरों द्वारा किया जाता है । अतः ट्रेनों की सुरक्षा की सर्वाधिक ज़िम्मेदारी स्टेशनों के स्टेशन मास्टर एवं ट्रेन ड्राइवरों पर है । स्टेशन मास्टर से ट्रेनों के परिचालन में कोई गलती न हो यह सिग्नल एवं दूरसंचार सिस्टम की इंटरलॉकिंग द्वारा सुनिश्चित किया जाता है । किन्तु मानवीय भूलों के लिए ट्रेन ड्राइवरों के पास अब तक कोई ऐसी विश्वसनीय मदद नहीं थी । ऐसी स्थिति में “कवच” (ट्रेन कोलाईजन एवोइडेंस सिस्टम) प्रणाली ट्रेन ड्राइवरों की मदद के लिए एक विश्वसनीय साथी है । यदि ड्राइवर कहीं स्पीड कंट्रोल करना या ब्रेक लगाना भूल जाता है तो “कवच” प्रणाली “ब्रेक इंटरफेस यूनिट” द्वारा ट्रेन को स्वचालित रूप से कंट्रोल कर लेती है । इस प्रणाली में पूरे सेक्शन में विश्वसनीय वायरलेस कम्यूनिकेशन स्थापित किया जाता है तथा सभी स्टेशनों व सभी इंजिनों में डिवाइस लगाई जाती है जिससे ट्रेन का इंजिन सम्पूर्ण ट्रैक में लगे हुए रेडियो फ्रिक्वेन्सी टैग द्वारा ट्रैक व सिग्नल से संबन्धित विवरण प्राप्त करता है । इंजिन में स्थित डिवाइस (लोको यूनिट) स्टेशन के इंटरलाकिंग सिस्टम, सिग्नल के निर्देश और समपार फाटकों से विवरण लेती है और कंप्यूटरीकृत प्रणाली के निर्देशानुसार ट्रेन का संचालन सुरक्षित गति से करती है । अर्थात ट्रेन की गति सिग्नल की स्थिति-पोजीशन के साथ इंटरलॉक होती है । यह प्रणाली ड्राइवर के केबिन में लाइन-साइड सिग्नल के आस्पेक्ट को दोहराती है, जिससे घने कोहरे, बरसात जैसे कठोर मौसम के दौरान भी ट्रेन संचालन की सुरक्षा और दक्षता सुनिश्चित होगी । यदि लोको पायलट ब्रेक लगाने में विफल रहता है, तो भी यह प्रणाली स्वचालित रूप से ब्रेक लगाकर ट्रेन की गति को नियंत्रित करने में मदद करती है । यह प्रणाली संचालन प्राधिकरण (मूविंग ओथोरिटी) के निरंतर अद्यतन के सिद्धांत पर काम करती है एवं लोको को सीधे टकराव से बचने में, लोको में स्थित संचार माध्यम द्वारा, सक्षम बनाती है । “कवच” प्रणाली द्वारा प्रदान की जाने वाली अन्य विशेषताओं में समपार (लेवल क्रासिंग) फाटकों पर ऑटो सीटी बजाना और विषमता की स्थिति में या जोखिम के मामले में अन्य ट्रेनों को नियंत्रित एवं सावधान करने के लिए ऑटो/मेनुअल “एसओएस” प्रणाली को तुरंत सक्रिय करना शामिल है जिससे कि आसपास के क्षेत्र में सभी ट्रेनों का संचालन तुरंत रुक जाता है । ‘कवच’ प्रणाली दवारा ऑटोमैटिक तकनीक के जरिए अब दो गाड़ियों के बीच आमने-सामने से टक्कर नहीं होगी । खास बात ये है कि इस तकनीक को देश में तैयार किया गया है । माननीय रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव द्वारा मार्च 2022 में कवच सुरक्षा तकनीक का सफल जीवंत परीक्षण दक्षिण मध्य रेलवे के सिकंदराबाद मंडल में लिंगमपल्ली-विकाराबाद खंड पर गुल्लागुडा-चिटगिड्डा रेलवे स्टेशनों के बीच किया गया था । दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के नागपुर-झारसुगुड़ा सेक्शन को कवच परियोजना के लिए चिन्हित किया गया है, जिसके अनुमोदन के लिए प्रस्ताव रेलवे बोर्ड को भेजा गया है । प्रस्ताव स्वीकृति पश्चात नागपुर-रायपुर-बिलासपुर-झारसुगुड़ा सेक्शन में कवच सुरक्षा तकनीक स्थापित करने का कार्य शुरू किया जाएगा ।
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संसद भवन में छत्तीसगढ़ के सांसदों के साथ मिले मुख्यमंत्री श्री साय

मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने संसद भवन में छत्तीसगढ़ के नवनिर्वाचित सांसदों के साथ मुलाकात की। साथ ही उन्होंने सांसदों के साथ भोजन भी किया। उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व मुख्यमंत्री श्री साय ने प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी से सौजन्य मुलाकात भी की।

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