प्रदेश

एक्शन मोड में राजधानी पुलिस, अचार संहिता लागू होते ही जगह-जगह शुरू हुई सरप्राइज चेकिंग…

रायपुर : आचार संहिता के प्रभावी होते ही रायपुर पुलिस की सख्ती बढ़ गई है. अलग-अलग जगहों पर पुलिस टीम सरप्राइज चेकिंग कर रही है. अंतरजिला चेक पोस्ट के साथ ही शहर के भीड़-भाड़ वाली सड़को पर भी चेकिंग की जा रही है.

एसएसपी प्रशांत अग्रवाल ने इन चेकिंग पॉइंट्स का औचक निरीक्षण कर पुलिस टीम को आवश्यक निर्देश दिए हैं. आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर फ्रिबिज मैटीरियल, नशे के सामान और अवैध हथियार के पहुंच को रोकने के लिए जिले के सभी थाना क्षेत्रों में लगातार जांच की जा रही है.

बता दें कि मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी रीना बाबा साहेब कंगाले ने मंगलवार को प्रदेशभर के कलेक्टर और एसपी की बैठक ली. जिसमें चीफ इलेक्टोरल ऑफिसर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से निष्पक्ष और स्वतंत्र चुनाव कराने के निर्देश दिये थे. साथ ही आचार संहिता नियम कानून के कड़ाई से पालन के निर्देश भी दिए

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हाईस्कूल एवं हायर सेकेण्डरी स्वाध्यायी मुख्य / अवसर परीक्षा वर्ष 2024 परीक्षा

हाईस्कूल एवं हायर सेकेण्डरी स्वाध्यायी मुख्य / अवसर परीक्षा वर्ष 2024 परीक्षा छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मण्डल द्वारा आयोजित हाईस्कूल / हायर सेकेण्डरी मुख्य / अवसर परीक्षा वर्ष 2024 के परीक्षा फार्म भरने की तिथियां सामान्य शुल्क के साथ विलम्ब शुल्क के साथ विशेष विलम्ब शुल्क के साथ दिनांक 10.10.2023 से 31.10.2023 तक दिनांक 01.11.2023 से 15.11.2023 तक दिनांक 16.11.2023 से 30.11.2023 तक स्वाध्यायी मुख्य / अवसर परीक्षा से सबंधित परीक्षार्थी शासकीय / अशासकीय अग्रेषण संस्थाओं के माध्यम से ऑनलाईन परीक्षा फार्म भर सकते हैं। विस्तृत जानकारी मण्डल की वेबसाइट www.cgbse.nic.in पर उपलब्ध है। उक्त जानकारी प्रोफेसर की० के० गोयल ने विज्ञप्ति जारी कर दी है
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सिविल लाईन पुलिस द्वारा मोटर सायकल चोरी कर बिकी करने वाले 03 चोरों को किया गिरफ्तार

बिलासपुर से मन्नू मनिकपुरी की रिपोर्ट सिविल लाईन थाना क्षेत्र के मोटर सायकलों को चोरी कर करते थे देहात इलाकों बिकी। तीनों चोरों के कब्जे से थाना सिविल लाइन के दो प्रकरणों में चोरी गये वाहन के अतिरिक्त अन्य 02 वाहन भी किये गये बरामद।** **चारों वाहनों का मूल्य लगभग 02 लाख रूपये।** **चोरों के कब्जे से बरामद किए गए वाहन -** 03 नग पेशन प्रो मोटर सायकल, 01 नग एक्टीवा वाहन, जुमला कीमती 2,00,000 रूपये (दो लाख रूपये) **गिरफ्तार आरोपी -** 01. मोनू उर्फ पृथ्वीराज ठाकुर पिता प्रमोद ठाकुर उम्र 23 वर्ष निवासी नया बस स्टेंड तिफरा । 02. घनश्याम यादव, 03. देवेन्द्र सिंह ठाकु विवरण इस प्रकार है कि सिविल लाईन थाना क्षेत्र अंतर्गत लगातार हो रही दोपहिया वाहनों की चोरी पर अंकुश लगाने पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार सिंह द्वारा उक्त चोरों को पकड़ने हेतु अलग अलग टीम बनाकर निर्देश दिये गये हैं, उक्त निर्देश के पालन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर राजेन्द्र जायसवाल, एवं नगर पुलिस अधीक्षक सिविल लाईन संदीप पटेल (भा.पु.से.) के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी सिविल लाइन प्रदीप आर्य द्वारा थाना सिविल लाईन में दर्ज अपराध कमांक 850 / 2023 धारा 379 भादवि एवं अपराध क्रमांक 939/2023 धारा 379 भादवि के प्रकरण में चोरी गई एक्टीवा वाहन एवं मोटर सायकल पेशन प्रो, जुमला कीमती 1,00,000 एक लाख रूपये को आरोपी मोनू उर्फ पृथ्वीराज ठाकुर पिता प्रमोद ठाकुर उम्र 23 वर्ष निवासी नया बस स्टेण्ड तिफरा के द्वारा चोरी कर चुराई हुई मोटर सायकल को धनश्याम यादव एवं देवन्द्र सिंह के पास बिक्रि किया था। इसके अलावा आरोपी के द्वारा करीब एक लाख कीमत के दो पेशन प्रो वाहन चोरी करके अपने कब्जे में रखा था जिसे थाना सिविल लाईन के इस्तगासा कमांक 21 / 2023 धारा 41(1-4) जा.फौ. 379 भादवि में जप्त किया गया है। आरोपी मोनू उर्फ पृथ्वी राज ठाकुर एवं घनश्याम यादव तथा देवेन्द्र सिंह को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमाण्ड पर भेज कर कार्यवाही की गई है। प्रकरण की उक्त कार्यवाही में थाना प्रभारी सिविल लाईन प्रदीप आर्य, सहायक उप निरीक्षक राजेशधर दीवान, चित्तगोविंद दुबे, आरक्षक देवेंद्र दुबे, राजेश नारंग, सोनू पाल, अविनाश कश्यप, राहुल सिंह का विशेष योगदान रहा।
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कलेक्टर संजीव झा ने ली राजनीतिक दल की बैठक*

बिलासपुर से मन्नू मानिकपुरी की आदर्श आचरण संहिता एवं चुनाव संबंधी नियम-कायदों से अवगत कराया गया बिलासपुर, 10 अक्टूबर 2023/कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी संजीव झा ने चुनाव कार्यक्रम की घोषणा के बाद आज यहां जिला कार्यालय के सभाकक्ष में मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने बैठक में निर्वाचन आयोग द्वारा घोषित चुनाव कार्यक्रम, आदर्श आचरण संहिता सहित चुनाव संबंधी अन्य नियम-कायदों से अवगत कराकर स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं सद्भावपूर्ण चुनाव संपन्न कराने में पूर्व की तरह सहयोग करने का आग्रह किया। सभी दलों ने आचरण संहिता का पालन करते हुए चुनाव मैदान में उतरने एवं जिला प्रशासन को सहयोग करने का भरोसा दिलाया। बैठक में निगम आयुक्त कुणाल दुदावत, एडीएम आरए कुरूवंशी, एडीएम शिव कुमार बनर्जी, उप जिला निर्वाचन अधिकारी महेश शर्मा उपस्थित थे। कलेक्टर झा ने बताया कि बिलासपुर जिले की छहांे विधानसभा क्षेत्रों में दूसरे चरण में 17 नवम्बर को मतदान होगा। इसके लिए 21 अक्टूबर से 30 अक्टूबर तक नाम निर्देशन पत्र लिए जाएंगे। जिला कार्यालय के विभिन्न कक्षों में रिटर्निंग अफसरों द्वारा नामांकन स्वीकार किए जाएंगे। इस दफा आयोग द्वारा एडीएम एवे एसडीएम को रिटर्निंग अफसर बनाये गये हैं। कोटा एवं बिल्हा विधानसभा क्षेत्रों के कुछ बूथ अन्य जिलों की सीमा में आते हैं, लेेकिन नामांकन की प्रक्रिया बिलासपुर से ही संपन्न होगी। नामांकन दाखिला के समय अभ्यर्थी सहित कुल 5 लोग ही रिटर्निंग अफसर के कक्ष में जाने की अनुमति होगी। कलेक्टर ने बताया कि सभी उम्मीदवारों एवं राजनीतिक दलों को आदर्श आचरण संहिता का पालन करते हुए चुनाव लड़ना होगा। प्रचार-प्रसार का कार्य सद्भावना पूर्ण होने चाहिए। धार्मिक स्थलों पर प्रचार-प्रचार की अनुमति नहीं होगी। मतदाताओं को शराब अथवा अन्य किसी तरह का प्रलोभन करते हुए पकड़े जाने पर कड़ी कार्रवाई होगी। शासकीय सम्पति पर बैनर, झण्डा लगाने पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगा दिया गया है। निजी सम्पति का चुनाव कार्य में उपयोग मालिक की लिखित सहमति उपरांत ही किया जा सकेगा। सभा एवं जुलूस के लिए संबंधित इलाके के एसडीएम से अनुमति लेनी होगी। चुनाव वाहनों की अनुमति जिला कार्यालय में संयुक्त कलेक्टर वैभव क्षेत्रज्ञ को अधिकृत किया गया है। प्रथम आओ, प्रथम पाओ के आधार पर सभास्थलों की अनुमति राजनीतिक दलों को दी जायेगी। सरकारी तंत्र के अलावा आम नागरिक भी सीविजिल एप्प के जरिए आचरण संहिता के उल्लंघन की शिकायत दर्ज करा सकते हैं। इस पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जायेगी। जिले में 352 मतदान केन्द्र संवेदनशील के रूप में चिन्हित किये गये हैं। यहां विशेष व्यवस्था की जायेगी। चुनाव के दिन अथवा इसके पूर्व उम्मीदवारों द्वारा मतदाताओं की सादे पर्ची दी जा सकती है। पर्ची में किसी प्रकार के चुनाव चिन्ह अथवा अन्य कोई पहचान नहीं होने चाहिए। आयोग द्वारा बीएलओं के जरिए एक सप्ताह पर्ची बांटन की व्यवस्था की गई है। मतदान केन्द्र के 200 मीटर की दूरी पर उम्मीदवार अपने टेबल कुर्सी लगा सकते हैं। इनमें झण्डा, बैनर अथवा अन्य कोई प्रचार सामग्री नहीं रहेगी। चुनाव के दौरान मीडिया पर भी आयोग की कड़ी नजर रहेगी। सोशल मीडिया पर जारी किये गये विज्ञापनों को एमसीएमसी कमेटी से सर्टिफिकेशन कराना होगा। पेड न्यूज की भी जांच कमेटी द्वारा की जायेगी। नाम दाखिल करने के पूर्व अभ्यर्थी को किसी बैंक में जीरो बैलेंस खाता खुलवाना होगा। पूरे अभियान के दौरान इसी खाते के जरिए लेन-देन करना होगा। समय-समय पर अभ्यर्थी के खर्चे की जांच की जायेगी। बिल्हा एवं बिलासपुर विधानसभा क्षेत्र को चुनाव आयोग द्वारा खर्च के दृष्टिकोण से संवेदनशील माना गया है। चुनाव प्रचार के लिए छपाये गये बैनर पोस्टर में प्रकाशक एवं मुद्रक का नाम एवं प्रतियों की संख्या जरूर दर्ज होने चाहिए। इसकी प्रतियां भी जिला निर्वाचन कार्यालय में जमा करानी होगी। वाहनों के अनुमति की उपरी कोई संख्या नहीं रहेगी। मतदान के 48 घण्टे पूर्व केवल 3 वाहनों की अनुमति अभ्यर्थी को दी जायेगी। उन्होंने अनुमति पत्र सामने के विन्ड स्क्रीन में चस्पा कर प्रदर्शित करना होगा ।
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कलेक्टर ने ली मुद्रकों एवं प्रिंटिंग प्रेस संचालकों की बैठक

बिलासपुर से मन्नू मानिकपुरी की बिलासपुर, 10 अक्टूबर 2023/कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी संजीव कुमार झा ने आज जिला कार्यालय के सभाकक्ष में मुद्रकों एवं प्रिंटिंग प्रेस संचालकों की बैठक ली। उन्होंने चुनाव प्रचार के दौरान प्रकाशित प्रचार सामग्री के संबंध में निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों की जानकारी देते हुए इनका हर हाल में पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रकाशित सामग्री में प्रकाशक एवं मुद्रक का नाम एवं पता हर हाल में प्रदर्शित किया जाना चाहिए। ऐसी सामग्री का मुद्रण से स्पष्ट मना कर दें जो लोगों के बीच भेदभाव एवं शत्रुता एवं अलगाव को बढ़ावा दें। प्रकाशन उपरांत मुद्रक को घोषणा पत्र एवं प्रकाशित सामग्री की चार प्रति स्थानीय जिला निर्वाचन कार्यालय में जमा करना अनिवार्य होगा। इसके अलावा प्रचार सामग्री की डिलिवरी उसी वाहन में करें जिन्हें राज्य मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय द्वारा अनुमति प्रदान की गई हो। नियमों का उल्लंघन किये जाने पर अधिकतम छह माह की कारावास एवं 2 हजार रूपये की जुर्माना दण्ड स्वरूप भुगतना पड़ेगा। बैठक में उप जिला निर्वाचन अधिकारी महेश शर्मा सहित बड़ी संख्या में प्रिंटर्स एवं प्रेस संचालक उपस्थित थे।
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परसदा ख में नवीन धान खरीदी केंद्र की सौगात, संसदीय सचिव का किसानों ने जताया आभार

महासमुन्द। महासमुन्द विधानसभा क्षेत्र के ग्राम परसदा ख में नवीन धान खरीदी केंद्र की स्वीकृति पर किसानों में हर्ष है। क्षेत्र के किसानों ने संसदीय सचिव व विधायक विनोद सेवनलाल चंद्राकर से मुलाकात कर खरीदी केंद्र की स्वीकृति पर आभार जताया। इस दौरान संसदीय सचिव व विधायक श्री चंद्राकर ने कहा कि यहां खरीदी केंद्र खुलने से किसानों को अब सात किमी दूर खट्टी स्थित धान खरीदी केंद्र नहीं जाना पड़ेगा।
यहां यह बताना लाजिमी होगा कि परसदा ख के ग्रामीणों ने संसदीय सचिव व विधायक श्री चंद्राकर से धान बिक्री में होने वाली परेशानियों से अवगत कराते हुए ग्राम में नवीन धान खरीदी केंद्र खोलने की मांग की थी। जिस पर संसदीय सचिव श्री चंद्राकर ने नवीन धान खरीदी केंद्र खोलने के लिए ध्यानाकर्षित कराया। बाद इसके राज्य शासन ने परसदा ख में नवीन धान खरीदी केंद्र के लिए स्वीकृति दी। जिस पर खट्टी सोसायटी अध्यक्ष हुलासगिरी गोस्वामी, शेखर चंद्राकर, चमन सिन्हा, मंशाराम साहू, कमलेश ध्रुव, खेमराज साहू, नारायण साहू, हुमेश ध्रुव, गोवर्धन चंद्राकर, संतोष सिन्हा, योगी ध्रुव, सनथ ध्रुव, बलद ध्रुव, हिरासिंग ध्रुव आदि ने संसदीय सचिव व विधायक श्री चंद्राकर का आभार जताया है। इधर संसदीय सचिव श्री चंद्राकर ने कहा कि भूपेश सरकार लगातार किसानों के हितों में फैसला ले रही है। कर्जमाफी के साथ ही समर्थन मूल्य में किसानों का धान खरीदा जा रहा है। मेहनतकश किसानों, मजदूरों और गरीबों का दर्द समझकर जन सरोकार के अनेक नीतिगत फैसलों से आज किसान, गरीब, मजदूर सहित सभी वर्ग खुशहाल हैं। राज्य सरकार के किसान हितैषी फैसलों से लोगों को राहत मिल रही है। उन्होंने कहा कि किसानों के हितों में ध्यान रखते हुए विधानसभा क्षेत्र में नवीन धान खरीदी केंद्र के लिए स्वीकृति दिलाई गई है। उनके कार्यकाल में बड़गांव, कोसरंगी, अचानकपुर, अछोला, सरईपाली, डुमरपाली, सलिहाभाठा व मालीडीह में नवीन धान खरीदी केंद्र की सौगात मिली है। जिससे किसानों को धान बेचने में होने वाली परेशानियों से राहत मिली है।

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80 वर्ष से अधिक आयु के मतदाताओं को मिलेगी विशेष सुविधा मतदान केन्द्रों में दी जाएगी प्राथमिकता

विधानसभा निर्वाचन में मतदाताओं की अधिक से अधिक सहभागिता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिले के तीनों विधानसभा क्षेत्रों में मतदान दिवस 07 नवम्बर को सभी मतदान केंद्रों में 80 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के वरिष्ठ मतदाताओं का सम्मान किया जाएगा। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. प्रियंका शुक्ला ने बताया कि जिले के मतदान केन्द्रों में वरिष्ठ मतदाताओं हेतु मतदान प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए विशेष सुविधाएं प्रदान की जाएंगी, जिससे वे बिना किसी परेशानी के अपने मताधिकार का प्रयोग कर सके। ऐसे मतदाताओं को प्राथमिकता के साथ पहले मतदान करने दिया जाएगा, ताकि उन्हें कतार में लगकर इंतजार करना न पड़े। जिले के सभी मतदान केन्द्रों में हेल्प डेस्क में वरिष्ठ मतदाता साथी वरिष्ठ नागरिकों की आवश्यक सहयोग करेंगे। साथ ही उनके लिए मतदान केन्द्रों में रैम्प, व्हील चेयर, पेयजल, शौचालय सहित अन्य सभी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध रहेंगी।

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झूठ का झुनझुना बजा लिया हो तो सच पढ़िए: पूर्व सीएम डॉ. रमन सिंह

मुख्यमंत्री के वार पर पूर्व मुख्यमंत्री का पलटवार

झूठ का झुनझुना बजा लिया हो तो सच पढ़िए: पूर्व सीएम डॉ. रमन सिंह

 छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने भाजपा पर निशाना साधते हुए एक्स पर पोस्ट किया जिसमें उन्होंने प्रदेश की भाजपा और कांग्रेस सरकारों की तुलना करते हुए लिखा कि भाजपा ने 15 साल में छत्तीसगढ़ को क्या दिया?
???? आंखफोड़वा कांड
???? गर्भाशय कांड
???? नसबंदी कांड
???? पोरा बाई कांड

कांग्रेस ने 5 साल में छत्तीसगढ़ को क्या दिया?
???? स्वामी आत्मानंद स्कूल
???? सबको 35 किलो चावल प्रतिमाह
???? हॉफ बिजली बिल
???? कॉलेज जाने के लिए बच्चों को FREE बस

इसका जवाब देते हुए छत्तीसगढ़ पूर्व मुख्यमंत्री और भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने लिखा कि झूठ का झुनझुना बजा लिया हो तो सच पढ़िए @bhupeshbaghel 

कांग्रेस ने 5 साल में छत्तीसगढ़ को क्या दिया?

⚫ 15,000 करोड़ (कोयला, गौठान, महादेव एप आदि) की लूट और भ्रष्टाचार
⚫ भाजपा की बनाई आदर्श पीडीएस नीति में घोटाला
⚫ अपराधियों को संरक्षण और नशे का कारोबार
⚫ 36 वादों के घोषणापत्र में लपेटकर बेचा गया चूरन 
⚫ पीएससी, बेरोजगारी भत्ता समेत पक्षपात और कुशासन की एक लम्बी सूची

भाजपा के डेढ़ दशक के स्वर्णिम कार्यकाल में छत्तीसगढ़ को क्या मिला?

✅ IIT, AIIMS, HNLU समेत अनेक राष्ट्रीय शैक्षणिक संस्थान
✅ 58 लाख गरीब परिवारों के लिए 1 रूपये किलो चावल और नि:शुल्क नमक की बेहतरीन योजना 
✅ 60 हजार किलोमीटर से अधिक सड़कों और सैकड़ों पुल-पुलियाओं का निर्माण
✅ 9000 करोड़ के बजट को बढाकर 95,000 करोड़ तक पहुँचाया
✅ चरणपादुका योजना, तीर्थदर्शन योजना समेत अनेकों जनहितकारी योजनायें

बाकी जानकारी के लिए आप जनता के बीच चले जाइये जो अब पुराने डेढ़ दशक को याद कर रही है।

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हारे हुए प्रत्याशियों को एक बार फिर टिकट देकर कांग्रेस की जीत पक्की कर दी -दीपक बैज

छत्तीसगढ़ विधानसभा के तारीखों के ऐलान होते ही चंद घंटों में बीजेपी ने अपनी 64 प्रत्याशियों की दूसरी लिस्ट जारी कर दी है. ऐसे में अब कुल 90 में से 85 कैंडिडेट तय हो चुके हैं, जो विधानसभा चुनाव लड़ने वाले हैं. केवल 5 सीट ही ऐसी है जहां प्रत्याशियों की घोषणा करना बाकी है. वहीं अब पीसीसी चीफ दीपक बैज ने बीजेपी के प्रत्याशियों की सूची पर हमला बोला है। बैज ने कहा, भारतीय जनता पार्टी ने हारे हुए प्रत्याशियों को एक बार फिर टिकट देकर कांग्रेस की जीत पक्की कर दी है।

 

बता दें कि, भारतीय जनता पार्टी ने विधानसभा चुनाव को लेकर उम्मीदवारों की दूसरी सूची जारी कर दी है. एक दर्जन से अधिक सीटों पर भाजपा ने पूर्व मंत्रियों विधायकों पर विश्वास जताते हुए टिकटों का ऐलान किया है. भाजपा द्वारा जारी की गई उम्मीदवारों की सूची पर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष दीपक बैज ने निशाना साधा है. दीपक बैज ने कहा, भारतीय जनता पार्टी ने हारे हुए प्रत्याशियों को एक बार फिर टिकट देकर कांग्रेस की जीत पक्की कर दी है।

पीसीसी अध्यक्ष दीपक बैज ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा, 2018 में हुए विधानसभा चुनाव में जनता ने भाजपा के इन प्रत्याशियों को रिजेक्ट कर दिया था. एक बार फिर भाजपा ने उन्हीं उम्मीदवारों को मैदान में उतारा है. जनता एक बार फिर भाजपा के प्रत्याशियों को रिजेक्ट करेगी और कांग्रेस पार्टी एक बार फिर जीत दर्ज कर प्रदेश में सरकार बनाएगी।

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ACCIDENT NEWS : तेज रफ्तार कार की टक्कर से जीजा साले की मौत, परिवार में पसरा मातम

दुर्ग।  जिले में सड़क हादसे बढ़ते जा रहे हैं। वहीं एक और ताजा मामला नेवई थाना क्षेत्र में मरोदा ओवर ब्रिज पर दर्दनाक हादसे में एक ही परिवार के दो लोगों की मौत हो गई। स्कूटी सवार जीजा-साले को एक तेज रफ्तार कार ने टक्कर मार दी। एक्सीडेंट के बाद आरोपी कार चालक मौके से फरार हो गया। कार चालक के बारे में फिलहाल किसी भी तरह की जानकारी पता नहीं चल पाई है।

सड़क हादसे में एक ही परिवार के दो लोगों की मौत 

नेवई भाठा निवासी दीपक गुप्ता ( 35 ) अपनी स्कूटी से साले चंदन साव ( 27 ) के साथ सुपेला कॉन्ट्रैक्टर कॉलोनी अपने घर जा रहा था. इसी दौरान मरोदा ओवर ब्रिज पर एक कार ने दोनों को जोरदार टक्कर मार दी. दोनों को टक्कर मारने के बाद आरोपी कार चालक फरार हो गया. वहां से गुजर रहे लोगों ने डायल 112 पर फोन किया. कुछ देर बाद जिला अस्पताल से एंबुलेंस पहुंची. दोनों गंभीर घायलों को अस्पताल लेकर जाया गया. लेकिन कुछ ही देर में इलाज के दौरान दोनों की मौत हो गई।

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रात्रि 10 बजे से सुबह 6 बजे तक निषिद्ध रहेगा ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग लंबे चोंगे वाले लाउड स्पीकरों के प्रयोग पर भी प्रतिबंध

विधानसभा आम निर्वाचन 2023 को दृष्टिगत रखते हुए कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी डॉ. प्रियंका शुक्ला द्वारा जिले के ग्रामीण तथा नगरीय क्षेत्रों में रात्रि 10 बजे से प्रातः 6 बजे तक ध्वनि विस्तारक यंत्रों का प्रयोग पूर्ण रूप से निषिद्ध किया गया है। ध्वनि विस्तारक यंत्रों का प्रयोग चुनाव प्रचार करने के लिए वाहनों पर एवं चुनावी सभाओं में नगरीय तथा ग्रामीण क्षेत्रों में प्रातः 6 बजे से रात्रि 10 बजे तक ही सक्षम अधिकारी की अनुमति पश्चात् उपयोग किया जा सकेगा, किन्तु ऐसे ध्वनि विस्तारक यंत्र साधारण किस्म के होंगे एवं मध्यम आवाज में ही प्रयोग किए जाएंगे। लोक परिशांति को देखते हुए लंबे चोंगे वाले लाउड स्पीकरों का प्रयोग पूर्ण रूप से प्रतिबंधित किया गया है। वाहनों एवं चुनावी सभाओं में एक से अधिक लाउड स्पीकर समूहों में लगाया जाना भी प्रतिबंधित किया गया है। चुनावी सभा एवं चुनाव प्रचार करने के लिए वाहनों पर ध्वनि विस्तारक यंत्र लगाने के लिए विधानसभा-79 अंतागढ़, 80-भानुप्रतापपुर, 81-कांकेर के रिटर्निंग ऑफिसर को सक्षम अधिकारी घोषित किया गया है। उपयोग से पूर्व सक्षम अधिकारी से लिखित पूर्वानुमति प्राप्त करना अनिवार्य होगा, साथ ही मोटर व्हीकल एक्ट का उल्लंघन न हो इसकी भी अनुमति प्राप्तकर्ता सुनिश्चित करना होगा।
           इन स्थानों पर प्रतिबंधित रहेंगे ध्वनि विस्तारक यंत्र- ग्रामीण एवं नगरीय क्षेत्रों में प्रातः 6 बजे से रात्रि 10 बजे तक ध्वनि विस्तारक यंत्रों का प्रयोग सक्षम अधिकारी के अनुमति प्राप्त कर सामान्यतः किया जा सकता है, परन्तु शैक्षणिक संस्थाओं, चिकित्सालय, नर्सिंग होम, न्यायालय परिसर, शासकीय कार्यालय, छात्रावास, नगर पालिका परिषद एवं नगर पंचायत, जनपद पंचायत एवं अन्य किसी शासकीय निकाय कार्यालय, बैंक, पोस्ट ऑफिस, दूरभाष केन्द्र आदि से 200 मीटर की दूरी के भीतर ध्वनि विस्तारक यंत्रों का प्रयोग सामान्य स्थिति में भी पूर्ण रूप से प्रतिबंधित किया गया है। यह प्रतिबंध निर्वाचन प्रक्रिया की समाप्ति तिथि तक संपूर्ण जिले में प्रभावशील रहेगा तथा तत्काल प्रभाव से प्रभावशील रहेगा।

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शासकीय संपत्तियों को विकृत करने पर संपत्ति विरूपण अधिनियम के तहत होगी कार्यवाही पोस्टर एवं बैनर हटाने के लिए अनुविभाग स्तर पर टीम गठित

भारत निर्वाचन आयोग नई दिल्ली के द्वारा विधानसभा निर्वाचन 2023 के लिए कार्यक्रम जारी किये जाने के साथ ही आदर्श आचरण संहिता प्रभावशील हो गई है। निर्वाचन के दौरान विभिन्न राजनैतिक दलों एवं उनके अभ्यर्थियों के द्वारा चुनाव प्रचार करने के लिए शासकीय एवं अशासकीय भवनों पर नारे लिखे जाते हैं, बैनर लगाये जाते हैं, पोस्टर चिपकाये जाते हैं तथा विद्युत एवं टेलीफोन के खंभों पर चुनाव प्रचार से संबंधित झंडियां लगाई जाती है, जिसके कारण शासकीय संपत्ति का स्वरूप विकृत हो जाता है। इस संबंध में कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. प्रियंका शुक्ला ने आदेश जारी कर छत्तीसगढ़ संपत्ति विरूपण निवारण अधिनियम 1994 पारित किया गया है। इस अधिनियम की धारा-3 के तहत कोई भी संपत्ति के स्वामी की लिखित अनुज्ञा के बिना सार्वजनिक दृष्टि में आने वाली किसी संपत्ति को स्याही, खड़िया, रंग या किसी अन्य पदार्थ से लिखकर या चिन्हित करके उसे विरूपति करेगा, वह 1000 रूपये तक के जुर्माने से दण्डनीय होगा।
              कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी ने छत्तीसगढ़ संपत्ति विरूपण निवारण अधिनियम 1994 की धारा-5 में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए आदेशित किया गया है कि चुनाव प्रचार के दौरान यदि विभिन्न राजनैतिक दलों अथवा चुनाव लड़ने वाले अभ्यर्थियों द्वारा किसी शासकीय एवं अशासकीय भवन की दीवारों पर किसी भी प्रकार के नारे लिखकर विकृत किया जाता है, विद्युत एवं टेलीफोन के खंभों पर झंडियां लगाई जाती हैं अथवा ऐसे पोस्टर एवं बैनर लगाकर शासकीय संपत्तियों को विकृत किया जाता है तो उन्हें हटाने के लिए चुनावी नारे मिटाने के लिए अनुविभाग स्तर पर अनुविभागीय अधिकारी, अनुविभागीय दण्डाधिकारी द्वारा लोक संपत्ति सुरक्षा दस्ता’ टीम गठित की जाएगी, जिसमें नगरीय निकाय, लोक निर्माण विभाग तथा राजस्व विभाग, पुलिस विभाग तथा विद्युत विभाग के अधिकारी-कर्मचारी शामिल होंगे। यह टीम लोक सुरक्षा संपत्ति दस्ता अनुविभागीय अधिकारी, दण्डाधिकारी के देखरेख में कार्य करेगी। टीम द्वारा सघन भ्रमण कर विरूपित संपत्ति को संपित्त विरूपण करने वाले के व्यय पर पूर्व स्वरूप में लायेगी तथा संपत्ति विरूपण करने वाले तत्वों के विरुद्ध अधिनियम के प्रावधानों के अंतर्गत एफ. आई. आर. दर्ज कर कार्यवाही की जाएगी।
          जारी आदेशानुसार यदि किसी राजनैतिक दल या चुनाव लड़ने वाले अभ्यर्थी द्वारा किसी निजी संपत्ति को बिना उसके स्वामी की लिखित सहमति के विरूपित किया जाता है तो निजी संपत्ति के स्वामी द्वारा संबंधित थाने में सूचना दर्ज कराने के बाद गठित टीम निजी संपत्ति को विरूपित होने से बचाने की कार्यवाही करेगी एवं संबंधित थाना प्रभारी प्रथम सूचना रिपोर्ट के आधार पर विधिवत जांच कर सक्षम न्यायालय में आरोप पत्र प्रस्तुत किया जाएगा। इसी प्रकार किसी धार्मिक स्थल का उपयोग चुनाव प्रचार-प्रसार के लिए नहीं किया जायेगा। अनुविभागीय अधिकारी एवं दण्डाधिकारी लोक संपत्ति विरूपण से संबंधित प्राप्त शिकायतों को एक पंजी में पंजीबद्ध करेंगे तथा शिकायत की जांच कर तथ्य सही पाये जाने पर लोक संपत्ति सुरक्षा दस्ता को आवश्यक कार्यवाही करने हेतु निर्देशित करेंगे तथा विरूपित संपत्ति की फोटोग्राफी, वीडियोग्राफी करायेगी।

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भयमुक्त एवं प्रलोभन मुक्त होकर अपने मत का उपयोग करने जिले के मतदाताओं से कलेक्टर ने की अपील

कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी डॉ. प्रियंका शुक्ला ने जिले के सभी मतदाताओं से अपील करते हुए कहा है कि विधानसभा निर्वाचन 2023 के लिए आयोग द्वारा निर्वाचन कार्यक्रम की घोषणा कर दी गई है। आयोग द्वारा घोषित कार्यक्रम के अनुसार जिले के तीनों विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों में मंगलवार 07 नवम्बर को मतदान होगा। भारतीय लोकतांत्रिक प्रणाली में मतदान का बहुत महत्व है। मतदान के माध्यम से जनता शासन व्यवस्था में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करती है। प्रत्येक वयस्क नागरिक का मतदान करना लोकतंत्र की सुदृढ़ता का परिचायक है। मताधिकार हेतु 18 वर्ष की आयु सीमा निर्धारित है ताकि अधिकाधिक लोग शासन व्यवस्था में भागीदारी कर सकें। भारतीय संविधान ने प्रत्येक व्यस्क नागरिक को अपना प्रतिनिधि निर्वाचित करने के लिए मत देने का अमूल्य अधिकार प्रदान किया है।
                कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी डॉ. शुक्ला ने जिले के समस्त मतदाताओं से अपील की है कि जाति, धर्म या समुदाय के आधार पर नहीं बल्कि साफ-सुथरी छवि वाले योग्य और ईमानदार प्रत्याशी के पक्ष में आगामी विधानसभा निर्वाचन 2023 के दौरान भयमुक्त एवं प्रलोभन मुक्त होकर अपने मत का विवेकसम्मत उपयोग करें।
 

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भारत निर्वाचन आयोग ने जारी की अधिसूचना, 07 नवम्बर को मतदान तथा 03 दिसम्बर को होगी नतीजों की घोषणा

भारत निर्वाचन आयोग द्वारा छत्तीसगढ़ में विधानसभा आम निर्वाचन-2023 के लिए अधिसूचना जारी कर दी है, जिसके अनुसार जिले के तीनों विधानसभा क्षेत्रों में प्रथम चरण में 07 नवम्बर को मतदान किया जाएगा। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ने आज शाम 04 बजे राजनीतिक दलों की बैठक लेकर निर्वाचन अधिसूचना के संबंध में विस्तृत जानकारी दी।
कलेक्टोरेट सभा कक्ष में आहूत बैठक में कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ने विस्तारपूर्वक जानकारी देते हुए बताया कि जिले के तीनों विधानसभा क्षेत्र अंतागढ़ -79, भानुप्रतापपुर-80 एवं कांकेर विधानसभा क्षेत्र क्रमांक-81 की सीट अनुसूचित जनजाति वर्ग के लिए आरक्षित है। उन्हांने बताया कि आयोग द्वारा जारी समय-सारणी के अनुसार शुक्रवार 13 अक्टूबर को अधिसूचना का प्रकाशन किया जाएगा। नाम निर्देशन जमा करने की अंतिम तारीख 20 अक्टूबर होगी। प्राप्त नाम निर्देशनों की संवीक्षा शनिवार 21 अक्टूबर को की जाएगी तथा अभ्यर्थिता (नाम) वापस लेने की अंतिम तिथि 23 अक्टूबर निर्धारित की गई है। उन्होंने बताया कि जिले के तीनों विधानसभा क्षेत्र के मतदान केन्द्रों में मंगलवार 07 नवम्बर को मतदान किया जाएगा, साथ ही मतों की गणना रविवार 03 दिसम्बर को की जाएगी। निर्वाचन संबंधी समस्त प्रक्रिया 05 दिसम्बर तक पूर्ण कराये जाने के निर्देश भारत निर्वाचन आयोग ने दिये हैं।
             कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ने जिले में स्थित मतदान केन्द्रों की जानकारी देते हुए बताया कि जिले में कुल 727 मतदान केन्द्र हैं, जिनमें 377 सामान्य, 30 क्रिटिकल, 35 वल्नरेबल तथा 285 संवेदनशील मतदान केन्द्र सम्मिलित हैं। उन्होंने आगे बताया कि अंतागढ़ विधानसभा क्षेत्र में 221, भानुप्रतापपुर में 266 तथा कांकेर विधानसभा क्षेत्र में 240 मतदान केन्द्र हैं। यह भी बताया गया कि कुल 685 पोलिंग स्टेशन लोकेशन है, जिनमें 50 शहरी क्षेत्र और 635 ग्रामीण क्षेत्र में स्थित हैं। आयोग के निर्देशानुसार एक मतदान केन्द्र में मतदाताओं की अधिकतम संख्या 1500 निर्धारित की गई है। जिला निर्वाचन अधिकारी ने मतदाताओं की संख्यात्मक जानकारी देते हुए बताया कि जिले में कुल 05 लाख 61 हजार 36 मतदाता हैं, जिनमें 02 लाख 74 हजार 222 पुरूष मतदाता, 02 लाख 86 हजार 802 महिला मतदाता एवं 12 अन्य (थर्ड जेंडर) मतदाता हैं। अंतागढ़ विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत 01 लाख 75 हजार 965 मतदाता हैं, जिनमें 88 हजार 512 पुरूष, 87 हजार 445 महिला और 08 अन्य मतदाता हैं। इसी तरह भानुप्रतापपुर में कुल 02 लाख 02 हजार 826 वोटर्स हैं, जिनमें 98 हजार 549 पुरूष, 01 लाख 04 हजार 275 महिला एवं 02 अन्य मतदाता सम्मिलित हैं। इसके अलावा कांकेर विधानसभा क्षेत्र में कुल 01 लाख 82 हजार 245 मतदाता हैं, जिनमें 87 हजार 161 पुरुष, 95 हजार 82 महिला मतदाता और 02 अन्य मतदाता शामिल हैं।
        कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. शुक्ला ने बताया कि जिले में 18 से 19 आयु वर्ग वाले मतदाताओं की संख्या 25 हजार 807 है, जिनमें 13 हजार 286 पुरुष मतदाता और 12 हजार 519 महिला मतदाता शामिल हैं। इसी तरह 80 वर्ष से अधिक उम्र के मतदाताओं की संख्या 04 हजार 78 है, जिनमें 01 हजार 434 पुरुष और 02 हजार 644 महिला मतदातायें हैं। आयोग के निर्देशानुसार मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों के लिए स्टार प्रचारकों की संख्या 40 होगी, जबकि गैर मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों के लिए यह संख्या 20 होगी। उनके द्वारा रात्रि 10 बजे से सुबह 06 बजे तक रैली एवं जनसम्पर्क नहीं किया जा सकेगा। संपत्ति विरूपण अधिनियम की जानकारी देते हुए जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि आदर्श आचरण संहिता के प्रभावी होने के साथ ही शासकीय संपत्ति पर राजनैतिक विज्ञापन जैसे-वॉल राइटिंग, पोस्टर्स, कटआउट, होर्डिंग्स, बैनर, फ्लैग आदि 24 घंटे के भीतर हटा लिये जाएंगे। इसी तरह सार्वजनिक स्थानों से 48 घंटे और निजी संपत्ति पर प्रदर्शित विज्ञापनों को 72 घंटे के भीतर हटाये जाएंगे। यह भी बताया गया कि लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 28-क के अधीन समस्त अधिकारी-कर्मचारी परिणामों के घोषणा होने तक निर्वाचन आयोग में प्रतिनियुक्ति पर समझे जाएंगे तथा उनका नियंत्रण, अधीक्षण और अनुशासन आयोग के अधीन रहेंगे।
                निर्वाचन व्यय अनुवीक्षण के संबंध में जानकारी देते हुए जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि अभ्यर्थी को एक पृथक बैंक अकाउंट खोलना होगा, जिसमें निर्वाचन संबंधी समस्त व्यय का उल्लेख किया जाएगा। अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय की सीमा 40 लाख रूपये प्रति विधानसभा होगी। नामांकन पत्र दाखिल करते समय समस्त चल-अचल संपत्ति के बारे में शपथ पत्र में जानकारी देनी होगी तथा परिणाम घोषणा के 30 दिन के भीतर अभ्यर्थी को अपने लेखे का विवरण जिला निर्वाचन अधिकारी के समक्ष प्रस्तुत करना होगा। ऐसा नहीं किये जाने पर  अभ्यर्थी को तीन साल के लिए अयोग्य घोषित किया जा सकेगा। इसी तरह मीडिया प्रमाणन एवं निगरानी समिति के माध्यम से प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक, रेडियो,  ई-पेपर तथा सोशल मीडिया, वेब पेज पर राजनैतिक प्रसारण हेतु अनुमति लेनी होगी, साथ ही पेड न्यूज, फेक न्यूज की लगातार मॉनिटरिंग भी की जाएगी। यह भी बताया गया कि किसी भी विज्ञापन, पोस्टर, पर्चे या अन्य अभिलेख पर उसके प्रकाशक, प्रिंटर का नाम, पता एवं मुद्रित प्रतियों की संख्या देना अनिवार्य होगा।
              कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि आदर्श आचरण संहिता उल्लंघन के मामलों में नागरिकों की सहभागिता बढ़ाने एवं शिकायतों के त्वरित निराकरण के लिए आयोग द्वारा सी-विजिल एप तैयार किया गया है, जिसके जरिये कोई भी व्यक्ति शिकायत कर सकता है। जिसकी जांच संबंधित अधिकारी द्वारा निर्धारित समय-सीमा (100 घंटे के भीतर) में करना अनिवार्य होगा। उक्त एप्लीकेशन में फोटोग्राफ, वीडियो के अलावा ऑडियो क्लिप के माध्यम से भी शिकायत दर्ज कराई जा सकेगी। इसी तरह सुविधा एप और वोटर हेल्प लाईन नंबर 1950 के माध्यम से निर्वाचन संबंधी जानकारी प्राप्त किये जाने के बारे में बैठक में बताया गया। उन्होंने राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों से आदर्श आचरण संहिता का कड़ाई से पालन करते हुए आयोग के निर्देशों का पालन करने और स्वस्थ्य लोकतंत्र स्थापित करने हेतु  निष्पक्ष निर्वाचन संपन्न कराने में आवश्यक सहयोग प्रदान करने की अपील की।

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भारत निर्वाचन आयोग द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य के सभी 90 विधानसभा क्षेत्र के लिए सामान्य निर्वाचन के कार्यक्रम की घोषणा

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, छत्तीसगढ़ प्रेस नोट दिनांक 09.10.2023 भारत निर्वाचन आयोग द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य के सभी 90 विधानसभा क्षेत्र के लिए सामान्य निर्वाचन के कार्यक्रम की घोषणा कर दी गई है। राज्य में कुल 51 विधानसभा सीट अनारक्षित है 29 सीट अनुसूचित जनजाति वर्ग हेतु एवं 10 सीट अनुसूचित जाति वर्ग के लिए आरक्षित है। राज्य में निर्वाचन संपन्न कराये जाने हेतु 90 रिटर्निंग अधिकारी एवं 208 सहायक रिटर्निंग अधिकारी अधिसूचित किये जा चुके हैं | उन्हें प्रशिक्षित भी किया जा चुका है | निर्वाचन कार्यक्रम की घोषणा के साथ ही सम्पूर्ण प्रदेश में आदर्श आचार संहिता प्रभावशील हो गई है। निर्वाचन कार्यक्रम की घोषणा के अनुसार प्रदेश में विधानसभा निर्वाचन दो चरणों में निम्नांकित कार्यक्रम के अनुसार संपन्न कराए जाएंगे:- निर्वाचन कार्य निर्धारित तिथि (प्रथम चरण) निर्धारित तिथि (द्वितीय चरण) अधिसूचना का प्रकाशन 13 अक्टूबर 2023 (शुक्रवार) 21 अक्टूबर 2023 (शनिवार) नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि 20 अक्टूबर 2023 (शुक्रवार) 30 अक्टूबर 2023 (सोमवार) नामांकन पत्रों की संवीक्षा 21 अक्टूबर 2023 (शनिवार) 31 अक्टूबर 2023 (मंगलवार) नाम वापसी की तिथि 23 अक्टूबर 2023 (सोमवार) 2 नवम्बर 2023 (गुरुवार) मतदान की तिथि 7 नवम्बर 2023 (मंगलवार) 17 नवम्बर 2023 (शुक्रवार) मतगणना की तिथि 3 दिसंबर 2023 (रविवार) 3 दिसंबर 2023 (रविवार) तिथि जिसके पूर्व निर्वाचन संपन्न होगा 5 दिसंबर 2023 (मंगलवार) 5 दिसंबर 2023 (मंगलवार) प्रथम चरण में कुल 20 विधानसभा क्षेत्रों (वि.स. क्षेत्र क्र. 71 से 90) के 5,303 मतदान केन्द्रों में मतदान संपन्न होगा | द्वितीय चरण में कुल 70 विधानसभा क्षेत्रों (वि.स. क्षेत्र क्र. 01 से 70) के 18,806 मतदान केन्द्रों में मतदान संपन्न होगा | आयोग के निर्देशानुसार मतदान केन्द्रों में मतदाता को एपिक कार्ड अथवा निम्न में से कोई एक Identity Card (पहचान पत्र) प्रस्तुत किया जाना होगा : आधार कार्ड, मनरेगा जॉब कार्ड, बैंक/डाकघर द्वारा जारी फोटोग्राफ युक्त पासबुक, श्रम मंत्रालय द्वारा स्वास्थ्य बीमा स्कीम के तहत जारी स्मार्ट कार्ड, ड्राइविंग लायसेंस, पैन कार्ड, रजिस्ट्रार जनरल ऑफ़ इंडिया (RGI) द्वारा नेशनल पापुलेशन रजिस्टर (NPR) के अंतर्गत जारी स्मार्ट कार्ड, भारतीय पासपोर्ट, फोटोग्राफ युक्त पेंशन दस्तावेज, केंद्र/राज्य सरकार/PSUs/पब्लिक लिमिटेड कंपनी के Employees को जारी किया गया फोटोग्राफ युक्त Service Identity Card, MPs/MLAs/MLCs को जारी किया गया Official Identity Card एवं सामाजिक न्य्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा जारी Unique Disability ID (UDID) Card. A. निर्वाचक नामावली :- दिनांक 04.10.2023 को निर्वाचक नामावली के अंतिम प्रकाशन की स्थिति में छत्तीसगढ़ राज्य में कुल मतदाताओं की संख्या 2 करोड़ 3 लाख 60 हजार 2 सौ चालीस है जिनमें से 1 करोड़ 1 लाख 20 हजार 8 सौ तीस पुरुष मतदाता एवं 1 करोड़ 2 लाख 39 हजार 4 सौ दस महिला मतदाता पंजीकृत हैं । प्रदेश में सेवा मतदाताओं की संख्या 19 हजार 839 है | इस प्रकार सेवा निर्वाचको को मिलाकर प्रदेश में कुल मतदाताओं की संख्या 2 करोड़ 3 लाख 80 हजार 79 है | राज्य का Elector-Population Ratio- 67.02 प्रतिशत एवं Gender Ratio- 1012 है । विधानसभा निर्वाचन-2018 के दौरान राज्य में कुल मतदाताओं की संख्या 1 करोड़ 85 लाख 88 हजार 520 थी। इस प्रकार मतदाताओं की संख्या में 9.5 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। चिन्हांकित दिव्यांग (PwD) मतदाताओं की संख्या 1 लाख 60 हजार 955 है। प्रदेश में तृतीय लिंग के कुल 790 मतदाता पंजीकृत हैं | प्रदेश में कुल 17 प्रवासी भारतीय मतदाता पंजीकृत है | कुल मतदाताओं में 18-19 वर्ष आयु वर्ग के मतदाताओं की संख्या 7 लाख 23 हजार 771 है। 80 वर्ष से अधिक उम्र के मतदाताओं की संख्या 1 लाख 86 हजार 215 है | राज्य में 100 वर्ष की आयु पूर्ण करने वाले मतदाताओं की संख्या 2,462 है | B .मतदान केंद्र:- छत्तीसगढ़ राज्य के 90 विधानसभा क्षेत्रों में कुल 24109 मतदान केन्द्र हैं | कुल 20920 मतदान केन्द्र लोकेशन हैं, जिनमें से 3227 शहरी क्षेत्र में तथा 17693 ग्रामीण क्षेत्र में स्थित हैं । राज्य के सभी मतदान केन्द्रों में सुनिश्चित न्यूनतम सुविधाएँ (AMF) जैसे रैंप, पेयजल, विद्युत् प्रकाश, शौचालय इत्यादि की व्यवस्था कर ली गई है | आयोग के निर्देशानुसार प्रत्येक मतदान केंद्र में “मतदाता सहायता केंद्र” (Voter Assistance Booth) का निर्माण किया जावेगा | राज्य में प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र के अन्तर्गत 10 संगवारी मतदान केन्द्र होंगे जो महिला मतदान दल द्वारा संचालित होंगे, 5 आदर्श मतदान केन्द्र भी बनाये जाएंगे । इसी प्रकार प्रत्येक विधानसभा में 1 दिव्यांग संचालित मतदान केंद्र एवं 1 युवा संचालित मतदान केंद्र बनाये जाएँगे | इस प्रकार राज्य भर में इस बार कुल 900 संगवारी मतदान केंद्र, 450 आदर्श मतदान केन्द्र, 90 दिव्यांगजनों द्वारा संचालित केंद्र एवं 90 यूथ के द्वारा संचालित मतदान केंद्र बनाये जाएंगे | सभी मतदान केन्द्रों में बुजुर्ग जनों एवं दिव्यांग मतदाताओं की सहायता हेतु “मतदाता मित्र” आवश्यक सहयोग हेतु होंगे | भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी दिशानिर्देश अनुसार एक मतदान केंद्र में अधिकतम मतदाताओं की संख्या को 1500 तक रखा गया है। विधानसभा आम निर्वाचन-2018 के दौरान छत्तीसगढ़ राज्य में मतदान केन्द्रों की संख्या 23677 थी । जिसमें 45 सहायक मतदान केंद्र सम्मिलित थे | इस बार भी आवश्यकतानुसार 1500 से अधिक मतदाता संख्या वाले मतदान केन्द्रों में सहायक मतदान केंद्र बनाये जाएंगे | भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार इस बार राज्य के 50% मतदान केन्द्रों में मतदान दिवस को लाइव वेबकास्टिंग भी कराई जावेगी | C .डाक मतपत्र :- अब भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश अनुसार (1) 80 वर्ष एवं इससे अधिक आयु वाले वृद्धजन, (2) 40% या इससे अधिक दिव्यांगता रखने वाले दिव्यांगजन एवं (3) COVID 19 के संदिग्ध अथवा संक्रमित मतदाता भी निर्धारित प्ररूप 12घ के माध्यम से निर्वाचन की अधिसूचना दिनांक के 5 दिवस के अन्दर सम्बंधित रिटर्निंग अधिकारी को आवेदन प्रस्तुत कर सकते हैं | जिससे वह डाक मतपत्र के माध्यम से घर पर ही वोटिंग कर सकेंगे | ऐसे समस्त पात्र आवेदक मतदाताओं हेतु विशेष मतदान दल का गठन किया जावेगा | ये मतदान दल पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था एवं आवश्यक मतदान सामग्री के साथ निर्धारित तिथि को ऐसे मतदाताओं के घर जाकर पूर्ण गोपनीयता के साथ उनका मत प्राप्त करेंगे | मतदान दल के रूट चार्ट एवं उनके दौरे की सूचना सभी अभ्यर्थियों को प्रदान की जावेगी | उपरोक्त श्रेणी के अतिरिक्त सेवा मतदाताओं को ETPBS (Electronically Transmitted Postal Ballot) भेजा जावेगा जिसपर वे अपना मत रिकॉर्ड कर इसे डाक के माध्यम से प्रेषित करेंगे | निर्वाचन ड्यूटी में तैनात मतदाताओं को भी डाक मतपत्र के माध्यम से रिटर्निंग अधिकारी द्वारा विहित सुविधा केंद्र में मतदान की पात्रता रहेगी इस हेतु उन्हें नियत समयावधि में निर्धारित प्ररूप 12 में आवेदन प्रस्तुत करना होगा | निर्वाचन कार्मिकों, जो अपनी ही विधानसभा में कार्यरत है, को निर्वाचन कर्तव्य प्रमाण पत्र (EDC) जारी किया जावेगा , जिसे वे अपने विधानसभा के किसी भी मतदान केंद्र में प्रस्तुत कर मतदान कर सकेंगे | D.नाम-निर्देशन व्यवस्था:- 1. सभी नाम निर्देशन पत्र जिला स्तर पर ही लिये जायेंगे। 2. नाम निर्देशन के लिये अभ्यर्थी के मात्र तीन वाहन ही नामांकन केन्द्र के 100 मीटर की परिधि में प्रवेश कर सकेंगे। 3. नाम निर्देशन के लिये जमानत की राशि अनारक्षित वर्ग के लिये रू. 10,000/- (रूपये दस हजार) एवं आरक्षित (अ.जा. एवं अ.ज.जा.) वर्ग के लिये रू. 5,000/- (पांच हजार) होगी। 4. नाम निर्देशन के लिये अभ्यर्थी सहित कुल पांच व्यक्ति ही नामांकन कक्ष में प्रवेश कर सकेंगे। 5. ऑनलाईन नाम निर्देशन एवं शपथ पत्र की वैकल्पिक सुविधा आयोग द्वारा उपलब्ध करायी गयी है। जिसमें नामांकन पत्र एवं शपथ पत्र की प्रविष्टियां करके उनका मुद्रण कर अभ्यर्थी को नाम निर्देशन रिटर्निंग ऑफिसर के समक्ष व्यक्तिशः प्रस्तुत किये जायेंगे। 6. एक अभ्यर्थी अधिकतम 4 सेट नाम निर्देशन प्रस्तुत कर सकता है। 7. नाम निर्देशन पत्र के साथ अभ्यर्थी को अपना नवीनतम फोटो भी देना होगा। E.प्रचार-प्रसार:- राज्य के सभी विधानसभा क्षेत्रों में मतदाताओं को मतदान हेतु जागरूक करने के लिए स्वीप अभियान के माध्यम से कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं । इलेक्ट्रॉनिक एवं प्रिंट मीडिया से भी मतदाताओं को जागरूक करने में आवश्यक सहयोग की अपेक्षा है। मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों के लिए स्टार प्रचारकों की संख्या 40 होगी, जबकि गैर मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों के लिए यह संख्या 20 होगी । राजनीतिक दलों को स्टार प्रचारकों की सूची निर्वाचन की अधिसूचना प्रकाशन के सात दिवस के भीतर देनी होगी | F.आदर्श आचरण संहिता:- निर्वाचन की घोषणा के साथ ही प्रदेश में आदर्श आचार संहिता प्रभावशील हो गयी है और निर्वाचन प्रक्रिया समाप्त होते तक यह प्रभावशील रहेगी। निर्वाचन हेतु पर्याप्त सुरक्षा बल की व्यवस्था की जा रही है | आचार संहिता के प्रभावी क्रियांवयन के लिये निम्नानुसार कार्यवाही सुनिश्चित की जा रही है। 1. संपत्ति का विरूपण पर प्रभावी कार्यवाही:- क) शासकीय संपत्ति का विरूपणः- इस उद्देश्य के लिए सभी सरकारी कार्यालय और उन परिसरों के जिसमें कार्यालय भवन स्थित है, के सभी दीवार लेखन, पोस्टर/स्टीकर्स, कटआउट/होर्डिंग्स, बैनर, झंडे या किसी अन्य रूप में विरूपण आदि को चुनाव की घोषणा 24 घंटे के अंदर हटाया जायेगा। ख) सार्वजनिक संपत्ति का विरूपण और सार्वजनिक स्थान का दुरुपयोगः- सभी सार्वजनिक स्थलों, जिनमें रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, हवाई अड्डे, रेलवे पुल, सड़क मार्ग, सरकारी बसें, बिजली/टेलीफोन के खंभे, नगरपालिका/स्थानीय निकायों के भवन आदि सम्मिलित हैं, से अनधिकृत राजनैतिक विज्ञापन, दीवार लेखन/पोस्टर/स्टीकर्स, कटआउट/होर्डिंग्स, बैनर झंडे आदि आयोग के द्वारा चुनाव की घोषणा के 48 घंटे के भीतर हटाया जायेगा। (ग) निजी संपत्ति का विरूपणः- निजी संपत्तियों पर, स्थानीय विधि और अदालत के निर्देशों के अधीन रहते हुये प्रदर्शित किए गए सभी अनधिकृत राजनैतिक विज्ञापन को आयोग द्वारा चुनाव की घोषणा के 72 घंटे के भीतर हटाया जायेगा। 2. आधिकारिक (शासकीय) वाहनों का उपयोगः- किसी भी राजनैतिक दल, उम्मीदवार या किसी अन्य द्वारा आधिकारिक(शासकीय) वाहन के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। 3. सरकारी खर्चे पर विज्ञापनः- आयोग के निर्देशों के अनुसार चुनाव के दौरान सरकारी खर्चे पर समाचार पत्रों/अन्य किसी मीडिया एवं आधिकारिक मीडिया का दुरुपयोग राजनैतिक समाचारों के पक्षपातपूर्ण प्रकाशन/प्रसारण या सरकार के उपलब्धियों के प्रचार के लिये नहीं किया जायेगा। चुनाव प्रचार के लिए वाहनों की अनुमति : चुनाव प्रचार हेतु उपयोग किये जाने वाले प्रत्येक वाहन का “वाहन परमिट” जिला निर्वाचन कार्यालय द्वारा जारी किया जावेगा | बिना परमिट (जो कि वाहन में चस्पा करना अनिवार्य होगा) के वाहनों को तत्काल जब्त किया जावेगा | मौन अवधि को छोड़कर अभ्यर्थियों के लिये वाहनों की संख्या के लिए कोई सीमा नहीं है. प्रचार के लिए किसी भी सरकारी वाहन का उपयोग नहीं किया जा सकता है आम सभा : सभा के लिए सार्वजनिक स्थलों की पहचान पहले से जिला प्रशासन द्वारा किया जा चुका है। यदि सभा स्थल कोई शैक्षणिक संस्था है तो सभा के पूर्व संस्था प्रबंधन से अनापत्ति प्राप्त किया जाना अनिवार्य होगा। सभा का आयोजन रात के 10 बजे पश्चात् प्रतिबंधित होगा। आयोजित की जाने वाली प्रत्येक सभा के लिए अनुमति आवश्यक होंगे। मतदान समाप्ति के लिए निर्धारित समय से 48 घंटों के पूर्व की अवधि के दौरान कोई भी सभा आयोजित नहीं की जा सकती है। 6. रैली की अनुमति: 1. रैली का मार्ग पूर्व से तय होगा और इसका उल्लेख आवेदन मे किया जाएगा। 2. रैली के प्रारंभ और अंत का समय एवं स्थान पूर्व से निश्चित होगा । 3. रैली के मार्ग में किसी भी स्थिति में परिवर्तन नहीं किया जाना चाहिए। 4. यदि रैली कि लंबाई अत्यधिक है तो इसे कुछ अंतराल के बाद तोड़ा जाना चाहिए। 7. रोड शो की अनुमति: 1. रोड शो की पूर्व अनुमति आवश्यक होगी । 2.10 से अधिक वाहनों कि दशा में 10 वाहनों के बाद 100 मीटर का अंतराल होगा | 3.सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के अधीन ही लाउड स्पीकर के उपयोग की अनुमति होगी | 4. बच्चों और स्कूल यूनिफॉर्म में शालेय छात्र छात्राओं को रोड शो में शामिल नहीं किया जाएगा। 8. लाउड स्पीकर की अनुमति 1. कोलाहल नियंत्रण अधिनियम और सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुरूप क्षेत्र अनुसार अनुमेय डेसीबल के अंतर्गत ही लाउड स्पीकर की अनुमति दी जाएगी। 2. लाउड स्पीकर कि अनुमति रात्री 10 बजे से प्रातः 6 बजे तक प्रतिबंधित रहेगी। मौन अवधि में लाउड स्पीकर का उपयोग वर्जित रहेगा। 9. अस्थायी प्रचार कार्यालयों कि अनुमति 1. किसी भी अतिक्रमित भूमि या भवन पर अस्थायी प्रचार कार्यालयों की अनुमति नहीं दी जायेगी । 2. शैक्षणिक संस्थान या अस्पताल से लगे हुए भवनों में अस्थायी प्रचार कार्यालय कि अनुमति नहीं दी जाएंगी। 3. किसी भी मतदान केंद्र के 200 मीटर की परिधि में यह किसी भी कार्यालय के लिए अनुमति नहीं दी जाएगी। 4. यह कार्यालय किसी धार्मिक भवनों में नहीं संचालित किए जा सकते हैं । सभी प्रकार के आवेदनों को सुविधा एप्लीकेशन के माध्यम से ऑनलाइन भी लिया जावेगा एवं “पहले आओ-पहले पाओ” के सिद्धांत पर अनुमति दी जावेगी | G. निर्वाचन व्यय अनुवीक्षण:- निर्वाचन हेतु अभ्यर्थी को एक पृथक बैंक अकाउंट नामांकन दाखिल करने के कम से कम 1 दिन पूर्व खोलना होगा एवं नामांकन पत्र दाखिल करते समय अभ्यर्थी को इस पृथक बैंक अकाउंट का उल्लेख करना होगा। नामनिर्देशन की तारीख से लेकर परिणाम की घोषणा तक दोनों तिथियों को सम्मिलित करते हुए समस्त व्यय उक्त बैंकिंग अकाउंट से स्वयं या उसके निर्वाचन एजेंट द्वारा किया जाएगा । निर्वाचन के दौरान अभ्यर्थी द्वारा किए जाने वाले निर्वाचन व्यय की सीमा रुपये 40.00 लाख होगी। नामांकन पत्र दाखिल करते समय अभ्यर्थी को अपने समस्त चल अचल संपत्ति के बारे में शपथ पत्र में जानकारी देनी होगी। अभ्यार्थियों से यह अपेक्षा की जाती है कि वह प्रचार अवधि के दौरान कम से कम 3 बार निजी रूप से या अपने निर्वाचन एजेंट के माध्यम से या अपने द्वारा विधिवत रूप से प्राधिकृत व्यक्ति द्वारा व्यय प्रेक्षक /निरीक्षण के लिए पदाभिहित अधिकारी के सम्मुख रजिस्टर पेश करेंगे। परिणाम घोषणा के 30 दिवस के भीतर अभ्यर्थी को अपने लेखे का विवरण जिला निर्वाचन अधिकारी के समक्ष प्रस्तुत करना होगा । निर्धारित समय में व्यय लेखा जमा नही करने पर निर्वाचन आयोग द्वारा लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 धारा 10क के तहत अभ्यर्थी को 3 साल के लिए अयोग्य घोषित किया जा सकता है । यदि अभ्यर्थी का कोई आपराधिक पूर्ववृत्त है तो, अभ्यर्थी को निर्धारित प्ररूप में नाम वापसी के पश्चात मतदान दिवस के दो दिन पूर्व तक तीन बार समाचार पत्र एवं टेलीविजन में अपने अपराधिक मामले के विषय में प्रकाशन/प्रसारण करना होगा । यदि अभ्यर्थी किसी पंजीकृत राजनीतिक दल द्वारा खड़ा किया गया है, तो उसे अपने आपराधिक पूर्ववृत्त की सूचना अपने दल को भी देनी होगी और ऐसे राजनीतिक दल को अभ्यर्थी के आपराधिक पूर्ववृत्त का प्रकाशन और प्रसारण एक स्थानीय समाचार पत्र एवं एक राष्ट्रीय समाचार पत्र में प्रकाशन एवं टेलीविजन पर प्रसारण करना अपेक्षित है, साथ ही ऐसे आपराधिक पूर्ववृत्त वाले अभ्यर्थी की समस्त जानकारी अपने वेबसाइट तथा सोशल मीडिया यथा फेसबुक, टि्वटर आदि पर भी प्रकाशित करनी होगी। उन्हें यह भी बताना होगा कि बिना आपराधिक चरित्र वाले अभ्यर्थी के स्थान पर आपराधिक पूर्ववृत्त वाले अभ्यर्थी के चयन का कारण क्या है। नाम वापसी के अंतिम दिन से चौथे दिन में पहला प्रकाशन ,नाम वापसी के अंतिम दिन के 5 से 8 दिन में दूसरा प्रकाशन एवं नाम वापसी के अंतिम दिन के 9वें दिन से प्रचार प्रसार के अंतिम दिन तक तीसरा प्रकाशन करवाना होगा। उपरोक्त निर्देशों का अनुपालन न करना माननीय उच्चतम न्यायालय के आदेश की अवहेलना की श्रेणी में आएगा | H. मीडिया प्रमाणन एवं निगरानी समिति (MCMC कमेटी) राज्य एवं जिला स्तर पर मीडिया प्रमाणन एवं निगरानी समिति राजनैतिक विज्ञापनों का प्रमाणन करेगी। इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के सभी माध्यम जैसे टीवी चैनल, केबल टीवी चैनल ,रेडियो (निजी एफएम रेडियो सहित ), e-समाचार पत्र ,बल्क एस. एम.एस./वॉइस मैसेज ,सार्वजनिक स्थलों पर दृश्य-श्रव्य माध्यम, सोशल मीडिया ,वेब पेज पर राजनीतिक विज्ञापन प्रसारण से पूर्व उपरोक्त कमेटी से क्रमशः राजनीतिक दल एवं अभ्यर्थी अनुमति लेंगे। मीडिया मॉनिटरिंग सेल द्वारा भ्रामक समाचार / फेक न्यूज़ की लगातार मॉनिटरिंग की जाएगी। पेड न्यूज़ के इलेक्ट्रॉनिक एवं प्रिंट मीडिया में प्रसारण पर भी एमसीएमसी कमेटी द्वारा कार्रवाई की जाएगी। निर्वाचन संबंधी किसी विज्ञापन, पोस्टर ,पर्चे या किसी अन्य अभिलेख पर उसके प्रकाशक एवं प्रिंटर का नाम,पता एवं मुद्रित संख्या छपा होना आवश्यक है । EVMs &VVPATs:- विधानसभा सामान्य निर्वाचन-2023 में Electronic Voting Machine & VVPAT का उपयोग किया जाएगा। सभी मशीने ECIL के द्वारा विभिन्न चरणों में परीक्षण उपरान्त उच्च सुरक्षा मानको के अधीन तैयार की गई हैं | विधानसभा सामान्य निर्वाचन-2023 में छ0ग0 राज्य अंतर्गत समस्त जिलों में मतदान हेतु प्रयोग किए जाने वाले इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन पर्याप्त संख्या में (BU-55071, CU- 35424, And VVPAT- 41613) उपलब्ध है। इस प्रकार मशीनो की कुल संख्या 1 लाख 32 हजार 108 हैं | आयोग के निर्देशों के अनुसार निर्धारित संख्या में EVMs & VVPATs की FLC (प्रथम स्तरीय जांच) का कार्य किया जा चुका है, जिसका विवरण निम्नानुसार हैः- S.No. Particular EVMs Available % of EVMs BU CU VVPAT BU CU VVPAT 1 FLC OK 53162 33515 39704 - - - 2 Training and awareness 1909 1909 1909 - - - Total 55071 35424 41613 228% 147% 173% टीपः-प्रशिक्षण एवं मतदाता जागरूकता कार्यक्रम हेतु उपरोक्तानुसार दर्शित मशीनों का उपयोग विधिवत FLC एवं Commissioning के बाद मतदान दिवस रिजर्व के रूप में किया जावेगा। निर्वाचन लड़ने वाले अभ्यर्थियों की घोषणा होने के तत्काल बाद Commissioning के दौरान सभी Control Units पर निर्वाचन लड़ने वाले अभ्यर्थियों की संख्या सेट (Candidate Set) की जाएगी, Ballot Units पर मतपत्र लगाए जाएंगे एवं VVPATs पर Symbol Loading Unit(SLU) के माध्यम से निर्वाचन लड़ने वाले अभ्यर्थियों को आबंटित प्रतीक चिन्ह अपलोड किया जाएगा | इस कार्य के समय उपस्थित रहने हेतु मान्यताप्राप्त राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों एवं निर्वाचन लड़ने वाले अभ्यर्थियों से अनुरोध है । मतदान हेतु मतदान मशीन तैयार करते समय भी रैंडम रूप से चयनित मतदान मशीनों पर अभ्यर्थियों की उपस्थिति में मॉक पोल कराया जाएगा जिसमें कंट्रोल यूनिट में दर्ज मतपत्रों की संख्या का मिलान वीवीपैट में पाए गए पेपर स्लिप से किया जाएगा। सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से यह अपेक्षित है कि इस Commissioning प्रक्रिया मे वे भाग लेकर इसके प्रचालन प्रणाली से अवगत होवें | साथ ही EVMs की निष्पक्ष कार्यप्रणाली के प्रति भी संतुष्ट हो सके | J. IT applications : C-Vigil:- आचार संहिता के उल्लंघन के मामलों में नागरिकों के सहभागिता बढ़ाने एवं शिकायतों के त्वरित निराकरण के लिए आयोग द्वारा निर्मित सि-विजिल एप्लीकेशन को और भी सशक्त बनाया गया है। अब आम नागरिक आचार संहिता उल्लंघन के मामलों की शिकायत लाइव फोटोग्राफ एवं वीडियो के साथ-साथ ऑडियो क्लिप के माध्यम से भी कर सकेंगे। यदि कोई नागरिक राज्य में आचार संहिता उल्लंघन की कोई घटना देखता है तो सी-विजिल एप्लीकेशन का उपयोग करते हुए घटनास्थल की एक फोटो या 2 मिनट की वीडियो या ऑडियो क्लिपिंग बनाकर एप्लीकेशन के माध्यम से शिकायत कर सकता है। शिकायत गुप्त रूप से भी की जा सकती है या एप्प में पंजीकृत होकर भी की जा सकती है। पंजीकृत उपयोगकर्ता के रूप में शिकायत करने पर उपयोगकर्ता को शिकायत निराकरण के पश्चात उसकी सूचना भी दी जाएगी। यह एप्लीकेशन आम नागरिकों के लिए Android / iOS दोनों पर उपलब्ध है। सामान्य मामलों में शिकायतों पर कार्यवाही 100 मिनट के भीतर पूरी कर शिकायतकर्ता को इसकी सूचना दी जाएगी। SUVIDHA: इस Application (suvidha.eci.gov.in) के माध्यम से अभ्यर्थी अपना नामांकन फॉर्म एवं AFFIDAVIT ऑनलाइन भी प्रस्तुत कर सकते है | ऑनलाइन आवेदन करने के बाद अभ्यर्थी को एक SLOT का चयन कर निर्धारित तिथि एवं समय में भौतिक सत्यापन एवं नियत शुल्क के भुगतान हेतु रिटर्निंग अधिकारी के समक्ष उपस्थित होना पड़ेगा | इस एप्लीकेशन का उपयोग कर रैली/सभा आदि की परमिशन के लिए भी ऑनलाइन आवेदन किया जा सकता हुई । इस हेतु विकसित ‘Suvidha Candidate App’ को Android / iOS दोनों से डाउनलोड किया जा सकता है | Voter Help Line App एवं Voter Service Portal - Voter helpline मोबाइल ऐप की सहायता से कोई भी नागरिक, मतदाता सूची में अपना नाम खोजने, पंजीकरण, संशोधन अथवा विलोपन के लिए फॉर्म जमा करने, मतदान केंद्र एवं BLO के बारे में जानकारी प्राप्त करने, मतगणना के परिणाम जानने, शिकायत करने, चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों के बारे में विवरण खोजने का कार्य आसानी से कर सकते हैं। Voter Service Portal (https://voters.eci.gov.in) में भी नागरिक अपना नाम मतदाता सूची में जोड़े जाने, विलोपन अथवा संशोधन हेतु आवेदन कर सकते हैं | इसके साथ-साथ मतदाता अपने आवेदन की अद्यतन स्थिति जान सकते हैं एवं ई-एपिक भी डाउनलोड कर सकते हैं | इस पोर्टल में मतदाता सर्च सुविधा , मतदाता सूची का लिंक एवं निर्वाचन सम्बंधित सभी अधिकारीयों की सूची भी प्राप्त की जा सकती है। Voter Turnout App- इस मोबाइल एप्लीकेशन का उपयोग कर मतदान के दिवस राज्य में विधानसभा वार में वोटर टर्नआउट (पुरुषों, महिलाओं और तृतीय लिंग(थर्ड जेंडर) की संख्या सहित) को देखा जा सकेगा। NGS- (National Grievance Services Portal) इस पोर्टल https://eci-citizenservices.eci.nic.in/ का उपयोग मतदाता द्वारा मतदाता परिचय पत्र प्राप्त न होना , आवेदन फॉर्म का निराकरण न होना या आदर्श आचार संहिता उल्लंघन संबंधी शिकायतों को दर्ज करने के लिये किया जा सकता है। Saksham App: दिव्यांग जनों की सुविधा के लिए आयोग द्वारा यह App विकसित किया गया है. यह एप्लीकेशन Android / iOS दोनों में उपलब्ध है. इस App के माध्यम से दिव्यांगजन निर्वाचक नामावली में अपनी दिव्यांगता दर्ज कराने हेतु आवेदन कर सकेंगे | साथ ही मतदान दिवस में व्हीलचेयर हेतु request भी डाल सकेंगे | KYC (Know Your Candidate) App: इस ऐप के माध्यम से निर्वाचन लड़ रहे अभ्यर्थियों के बारे में जानकारियां प्राप्त हो सकेंगी. यदि अभ्यर्थी का कोई आपराधिक पूर्ववृत्त है तो इसकी जानकारी भी इस ऐप में उपलब्ध होगी | 8.ESMS (Election Seizure Management System) ESMS एप्लीकेशन के माध्यम से राज्य के 1600 से अधिक स्थैतिक एवं उड़नदस्ता दल सभी प्रकार की जब्ती (seizure) की कार्यवाही कर सकेंगे | इस हेतु पुलिस विभाग / आयकर विभाग / GST विभाग के अधिकारीयों को ट्रेनिंग दिलाई जा चुकी है | 9.Other links: अभ्यर्थी के द्वारा नामनिर्देशन के दौरान भरे गए शपथपत्र को देखने हेतु https://affidavit.eci.gov.in/ वेबसाइट का उपयोग कर सकते हैं | मतदाता सूची में अपना नाम सर्च करने के लिए मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी की वेबसाइट ceochhattisgarh.nic.in के लिंक https://electoralsearch.eci.gov.in/ में जाकर अपनी डिटेल देख सकते हैं। विधानसभा की मतदान केंद्र वार मतदाता सूची ceochhattisgarh.nic.in में जाकर डाउनलोड की जा सकती है | राज्य स्तर पर नियंत्रण कक्ष के टोल फ्री नंबर 1800 23 311950 एवं जिला स्तरीय टोल फ्री नंबर 1950 पर निर्वाचन संबंधित शिकायत दूरभाष के माध्यम से दर्ज कराई जा सकती है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय में स्थापित कंट्रोल रूम के दूरभाष नंबर 07712221965 पर भी कॉल किया जा सकता है |

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Big Breaking: छत्तीसगढ़ भाजपा ने जारी की सेकंड लिस्ट, इन चेहरों को मिला मौका

रायपुर।  छत्तीसगढ़ भाजपा ने जारी की सेकंड लिस्ट, इन चेहरों को मिला मौका देखें लिस्ट.....
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