साहित्य
महिला से थानेदार ने साथ सोने की रखी शर्त - शिकायत पर कार्यवाही से किया इनकार
शिकायत लेकर आई महिला से कार्यवाही करने के बदले थानेदार ने साथ सोने की रखी शर्त धमतरी के कोतवाली थाने के थानेदार प्रणाली वैद
शिकायत लेकर आई महिला से कार्यवाही करने के बदले थानेदार ने साथ सोने की रखी शर्त इनकार पड़ा महंगा - नहीं हुई fir और होना पड़ा प्रताड़ित जी हां यह सत्य घटना है छत्तीसगढ़ के धमतरी थाने की जहां एक जवान विधवा महिला अपने साथ हुई धोखाधड़ी और अमानत में खयानत की शिकायत करने गई थी | अकेली विधवा महिला को थानेदार प्रणाली वैद ने कई चक्कर लगवाने के बाद आखिरकार कार्यवाही के बदले अपने साथ सोने - हम बिस्तर होने की शर्त रखी | महिला सम्मान - नारियों की रक्षा कि जिन पर जिम्मेदारी है और अगर वही नारियों के साथ अपमान करने लगे तो आखिर न्याय मांगने मजबूर पीड़ित महिला कहां जाए |
छत्तीसगढ़ पुलिस के कुछ अधिकारियों के कारण पूरे पुलिस महकने पर उंगलियां उठ रही हैं | कहते हैं कि पुलिस के हाथ बहुत लंबे होते हैं अपराध करने के बाद अपराधी कितना भी बचने का प्रयास करें एक न एक दिन पुलिस उसे ढूंढ ही लेती है इसमें हम अपनी तरफ से एक लाइन और जोड़ देते हैं कि यदि पुलिस चाहेगी तो अपराधी बच नहीं सकता और पुलिस नहीं चाहेगी तो अपराधी कभी पकड़ा ही नहीं जा सकता |
यह कहानी है एक ऐसी पीड़ित महिला की जिसके पति की मृत्यु हो चुकी है और पति की मृत्यु के बाद गम में डूबी उक्त महिला को ढाढस बंधाने, सांत्वना देने के बहाने कुछ नजदीकी जान पहचान के लोगों ने उसे तथा बच्चों को सहारा देने का आश्वासन दिया घर खर्च और बच्चों की पढ़ाई की फीस और अन्य खर्चो के लिए परेशानी से मुक्ति दिलाने का भरोसा दिलाया | पति की मृत्यु के बाद आय का कोई साधन न होने के कारण घर खर्चे में हो रही परेशानी का फायदा उठाकर इन परिचित नजदीकी लोगों ने इस पीड़ित विधवा महिला को गहने गिरवी रखकर ब्याज के रुपयों से प्रतिमाह आय का साधन बनाकर देने का झांसा देकर, भरोसे में लेकर उसके तमाम गहनों को हड़प लिया , पूर्व परिचित होने के कारण उन पर भरोसा कर अपने कीमती गहने बिना कोई लिखा पढ़ी कर, उनकी बातों में आकर उन्हें गिरवी रखने के लिए दे दिए | बस यही भरोसा इस पीड़ित महिला के लिए दुखदाई साबित हुआ क्योंकि भरोसे में दिए गए गहनों की कोई लिखा पढ़ी पीड़ित महिला ने अपने परिचितों से नहीं कराई थी जिसका फायदा इन परिचितों ने उठाया और पूरे गहने हड़प लिए और ना तो प्रतिमाह घर खर्च दिया और ना ही गहने वापस किये |
अपने ही गहने अपने परिचितों से मांगने सालों चक्कर लगाने के बाद थक हारकर थाने की शरण में गई इस विधवा पीड़ित महिला को थाने में भी पुलिस अधिकारियों के दुर्व्यवहार का शिकार होना पड़ा, इसकी शिकायत पर कार्यवाही करने के बदले *पुलिस अधिकारियों की नजर उसकी जवानी और उसके शरीर पर थी* थानेदार ने इस पीड़ित - परेशान महिला के अकेली होने का फायदा उठाकर उसे अपने साथ हम बिस्तर होने पर पूरे गहने दिलवाने की शर्त रखी जिसे पीड़ित विधवा महिला ने अस्वीकार कर दिया |
महिला द्वारा थानेदार के साथ सोने से इनकार के बाद महिला थाने के चक्कर लगाती रही परंतु उसकी ना तो रिपोर्ट लिखी गई और ना ही उसे गहने दिलवाए गए* महिला जब भी थाने जाती पुलिस अधिकारी थाने में उसे दुर्व्यवहार करते एक अधिकारी उसे कार्यवाही होने पर हिंदू मुसलमान का दंगा हो जाएगा कह के डरता था तो दूसरा अधिकारी थाने में ही सिगरेट पीते हुए उक्त पीड़ित महिला के मुंह पर सिगरेट का धुआं छोड़कर उससे छेड़छाड़ करता था, सभी अधिकारी उसकी तरफ भूखी नजरों से देखते थे | उक्त पीड़ित, विधवा महिला CSP, SP आईजी सहित गृह मंत्री एवं मुख्यमंत्री तक से लिखित फरियाद कर चुकी है परंतु कहीं से भी उसे कोई न्याय नहीं मिला | क्योंकि थानेदार ने स्पष्ट कह दिया था कि तुम कहीं भी चले जाओ कुछ नहीं होगा जब तक मैं नहीं चाहूंगा जुर्म दर्ज नहीं होगा और वही हुआ जो थानेदार ने कहा था ना तो महिला की शिकायत पर जुर्म दर्ज किया गया और ना ही उसकी कोई सुनवाई हुई क्योंकि थानेदार की शर्त थी कि तुम्हें मेरे साथ हम बिस्तर होने पर ही उसके कीमती गहने वापस मिलेंगे | पुलिस अधिकारियों के दुर्व्यवहार और शरीर की मांग के आवाज में कार्यवाही करने की बात से तंग आकर आखिरकार जब उसने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया तब न्यायालय ने उसके आवेदन, उसकी शिकायत एवं उसके द्वारा प्रस्तुत किए गए प्रमाणिक दस्तावेजों के आधार पर संबंधित थाने को जुर्म दर्ज करने का आदेश दिया | माननीय न्यायालय के निर्देश पर संबंधित थाने में इस पीड़ित विधवा महिला के साथ धोखाधड़ी और अमानत में खयानत करने वालों के खिलाफ जुर्म दर्ज तो हो गया परंतु फिर भी थाने के अधिकारियों ने आरोपियों को गिरफ्तार करने में कोई पहल नहीं की और उन्हें न्यायालय से जमानत लेने का पूरा अवसर प्रदान किया | संबंधित पुलिस थाने के थानेदार एवं अन्य अधिकारियों ने दस्तावेजों में हेरा फेरी कर न्यायालय में जो डायरी प्रस्तुत की इसका लाभ आरोपियों को जमानत लेने में मिला | देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी महिला सम्मान, महिला सशक्तिकरण और महिलाओं को आगे बढ़ाने बेटियों को पढ़ना के लिए हमेशा प्रयासरत रहते हैं छत्तीसगढ़ में भी भारतीय जनता पार्टी की सरकार है डबल इंजन की सरकार है और ऐसे में महिलाओं से उन्हें न्याय देने के नाम पर उनकी शिकायत पर कार्यवाही करने के नाम पर यदि पुलिस अधिकारी शरीर की मांग करते हैं अपने साथ सोने की मांग करते हैं अपने साथ हम बिस्तर होने की शर्त रखते हैं तो महिलाएं कैसे आगे बढ़ेगी ? कैसे महिलाओं का सम्मान होगा ? कैसे महिलाओं का सशक्तिकरण होगा ? कैसे बेटियां पढ़ेंगी ? प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णु देव साईं एवं गृह मंत्री विजय शर्मा को संज्ञान लेकर ऐसे अधिकारियों को निलंबित कर उन पर जुर्म दर्ज कर सख्त कार्रवाई करना चाहिए तभी प्रदेश में महिलाएं निर्भीक हो सकेंगे बेटियां सुरक्षित हो सकेंगे महिलाओं को किसी मामले पर शिकायत करने न्याय मांगने थाने जाने में हिचक नहीं होगी कोई डर नहीं होगा अन्यथा इसी तरह महिलाएं थानों में प्रताड़ित होती रहेगी और किसी को पता भी नहीं चलेगा | *पीड़ित महिला, थानेदार, थाने के अन्य अधिकारियों एवं आरोपियों सहित थाने के नाम का खुलासा
गांजा बेचते महिला सहित एक अन्य आरोपी गिरफ्तार
CG ब्रेकिंग : पति ने पड़ोसी की धारदार हथियार से की हत्या...जानिए क्या है पूरा मामला
दुर्ग। जिले में एक शख्स ने पत्नी के साथ अवैध संबंध के शक में अपने पड़ोसी की टंगिया से हमलाकर उसकी हत्या कर दी। घटना उतई थाना क्षेत्र के महकाकला की है। हत्या आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
एसडीओपी पाटन देवांश सिंह राठौर ने बताया कि घटना कल रात की है। मृतक कामेश्वर मार्कण्डेय पिता संतु राम मारकंडे उम्र 36 वर्ष निवासी दिल्ली भाटा महकाकला हत्या आरोपी सुनील कुर्रे पिता सुकालु राम कुर्रे उम्र 36 साल निवासी दिल्ली भाटा महकाकला मृतक का पड़ोसी था।
आरोपित सुनील कुर्रे को संदेह था कि उसकी पत्नी और मृतक कामेश्वर मारकंडे का अवैध संबंध है। रविवार को आरोपित सुनील पड़ोसी कामेश्वर को घर से बुलाकर खेत लेकर गया। वहां विवाद के बाद आरोपित ने कामेश्वर पर टांगिया से हमला कर दिया। इस हमले में कामेश्वर की मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलते ही उतई थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपित को हिरासत में ले लिया।
लाखो की संख्या में लोगों को मिला न्याय
अवैध मादक पदार्थ गांजा परिवहन करने वाले के विरुद्ध सरकण्डा पुलिस की कार्यवाही ।
युवक की अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझी, 12 घंटे के अंदर मुख्य आरोपी सहित तीन गिरफ्तार...पढ़ें वारदात की पूरी कहानी
बलरामपुर : जिले के रामचंद्रपुर थाना अंतर्गत युवक की हत्या के मामले में पुलिस ने अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझा ली है। इस हत्याकांड में पुलिस ने मुख्य आरोपी सहित तीन आरोपी को गिरफ्तार किया है। वहीं पुलिस के द्वारा आरोपियों की हिस्ट्री खंगाली जा रही है।मामले का खुलासा करते हुए बलरामपुर जिले के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉक्टर लाल उमेद सिंह ने बताया कि आरोपियों के द्वारा युवक की गला रेतकर हत्या की गई है। मुख्य आरोपी अशरफ अंसारी की पत्नी से मृतक युवक लंबे समय से बात करता आ रहा था। जिस बात की जानकारी आरोपी को थी। जिससे आरोपी नाराज था और उसे रास्ते से हटाने की योजना तैयार की थी। जहां उसने दो साथियों को फिरौती की रकम देने का आश्वासन देकर हत्या कारित करने की रणनीति तय की गई थी। जहां शादी समारोह रेवतीपुर में पहुंचे मृतक के साथ सभी आरोपी सुबह से लेकर शाम तक शामिल रहे और देर शाम जब मृतक अपने घर जाने के लिए निकला था तभी आरोपी भी उसके साथ घर जाने के लिए रवाना हुए।
रामचंद्रपुर थाना अंतर्गत बेलवा डामर जंगल के समीप पहुंचने के पश्चात आरोपियों ने पहले मृतक को रोककर उसके साथ मारपीट की और घायल अवस्था में उसे गड्ढे में ले जाकर गले में धारदार हथियार से गला रेतकर उसकी हत्या कर दी गई। वहीं घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए।
इस पूरी घटना में पुलिस के द्वारा गंभीरता से छानबीन करने के पश्चात आरोपियों की घर की तलाशी ली गई जहां आरोपी के घर में खून से सने कपड़ा पाया गया जिसके बाद आरोपियों की खोज भी शुरू की गई जहां पुलिस ने 12 घंटे के अंदर तीनों आरोपीयो को पकड़ने में सफलता हासिल की। वहीं आरोपियों के खिलाफ विधिवत कार्यवाही करते हुए जेल भेज दिया गया है।
पान दुकान से प्रतिबंधित हुक्का सामग्री का जखीरा बरामद - दो गिरफ्तार
कवर्धा के साधराम यादव हत्याकांड की जांच करेगी NIA : CM ने की घोषणा
दिल दहला देने वाली घटना : घर के बाहर बैठने से मना किया तो पर घर में लगा दी आग, चार लोग जिंदा जले, दो की मौत...ऐसे हुआ जघन्य अग्निकांड का पर्दाफाश
बलौदाबाजार। छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार में हुए जघन्य हत्याकांड का खुलासा पुलिस ने किया है। घर में आग लगाने वाले 2 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। एसपी सदानंद कुमार ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि दोनों आरोपी आदतन शरारती और उपद्रवी तत्व हैं। आरोपियों ने झोपड़ी में लगे कपड़े को फाड़ने, वहां बैठने और हुल्लड़ करने से मना करने पर वारदात को अंजाम दिया था।
बता दें कि 24-25 फरवरी की दरम्यानी रात आरोपियों ने घर में आग लगाकर बाहर से दरवाजा बंद कर दिया था। इस जघन्य हत्याकांड में दो लोगों की मौत हुई थी। 2 लोग जलने से गंभीर रूप से घायल हुए थे। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने विशेष पुलिस टीम का गठन किया था।
एसपी ने संज्ञान लेते हुए नौ सदस्यीय टीम का गठन किया और गंभीर रूप से झुलसी महिला का रायपुर में बयान लिया। महिला के बयान के बाद शक पुख्ता हुआ और पुलिस की कड़ी पूछताछ में आरोपियों ने अपना जुल्म कबुल किया। इसके बाद पुलिस ने आरोपियों को आज गिरफ्तार कर जेल भेजा।
इनकी हुई थी मौत
सोनू साहू पिता संतोष साहू उम्र 28 वर्ष निवासी वृद्धा आश्रम के पास भैंसापसरा बलौदाबाजार
कमला साहू पति संतोष साहू उम्र 60 वर्ष निवासी वृद्धा आश्रम के पास भैंसापसरा बलौदाबाजार
पकड़े गए आरोपियों के नाम
करन बघेल उर्फ भूखऊ पिता उमेंदी बघेल उम्र 23 वर्ष निवासी वृद्धा आश्रम के पास भैंसापसरा बलौदाबाजार
दौलत सोनवानी पिता आनंद सोनवानी उम्र 26 वर्ष निवासी दशरमा रोड भैंसापसरा बलौदाबाजार
राज्यपाल हरिचंदन से पुलिस अधीक्षक ने सौजन्य मुलाकात की
राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन से आज राजभवन में रायपुर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार सिंह ने सौजन्य मुलाकात की।
अपने ही छोटे भाई को मारकर फरार हुआ कातिल चंद घंटो में हुआ गिरफ्तार
दिनांक 25.02.24 की रात्रि लगभग 11.50 बजे पोलिस थाना विधानसभा में सूचना आई कि, सफायर ग्रीन फेस /2 कॉलोनी के 440 नंबर के मकान में हत्या की घटना हुई है... पुलिस तत्काल मौके पर पंहुची... पता लगा कि पीयूष झा औऱ पराग झा नाम के दो कामकाजी युवक किराये पर पिछले एक महीने से रहते आ रहे हैँ... उसकी माँ कभी कभी उस मकान में आती जाती है,.. घटना के बाद मौके पर उपस्थित युवकों की माँ शांता झा औऱ उनके केयर टेकर मनोज साहू ने बताया कि , रात्रि तकरीबन 10.30 बजे फोन करके उसके बड़े लड़के पीयूष ने बताया कि उसने अपने छोटे भाई पराग को मार दिया है.. पहले तो उनको यह बात सही नहीं लगी क्योंकि पीयूष काफ़ी शराब पीने लगा था.. फिर पीयूष ने विडिओ कॉल के जरिये घटना स्थल,पराग के बेड रूम को दिखाया जहा खून से लतफत पराग पड़ा हुआ दिखा.. तब फ़ौरन शांता बाई झा व उनका केयर टेकर मनोज साहू अपने केपीटल होम वाले मकान से मौके पर आये.. देखे कि उनका छोटा लड़का पराग मृत अवस्था में खून से लतफत अपने बैडरूम में बेड के नीचे पड़ा था, औऱ बड़ा लड़का पीयूष वहा नहीं था.. अपनी जीप गाड़ी को लेकर कही भाग गया था..!
तब तुरंत थाना में फोन लगा कर घटना की सूचना दिए थे... पुलिस ने तुरंत पहुंच कर मौका मुआयना किया गया... फॉरेन्सिक टीम को मौके पर बुलाया गया.. फरार पीयूष की तलाश प्रारम्भ हुई, थाने के अलावा एसीसीयू की टीम को भी आरोपी के पता तलाश में लगाया गया..! बड़ी मशक्कत के बाद आरोपी पुलिस के कब्जे में आया.. उससे पूछताछ पर उसने बताया कि वह एमटेक की पढ़ाई किया है उसका छोटा भाई एमबीए किया है दोनों मिल कर ड्रोन कैमरा बिक्री सप्लाई करने का काम करते हैँ..! काफ़ी सालो से उसका परिवार केपिटल होम सड्डू में किराये से रहता आया है दो साल पहले पिताजी औऱ दादी का देहांत उसी मकान में रहते हुवे हो गया था.. इसी वजह से उस मकान के अलावा सफायार ग्रीन फेस 2 में मकान किराये पर लिए थे.. कुछ सामान को शिफ्ट किये थे बाकी सामान केपिटल हाउस वाले मकान में ही था... रात्रि 10 बजे के आस पास वह जब बाहर से लौटा तो छोटा भाई पराग घर पर ही था,पुरानी बातो को लेकर ताना देने लगा.. बताया कि,मैंने शराब पी रखी थी संभवतः पराग ने भी शराब पीया था दोनों में बाहस बढ़ गई पराग मुझे धक्का मारा फिर मारपीट होने लगी
कुछ दिनों पहले मेरा सगाई टूटा था व काम में भी मद्दी की वजह से मैं पहले ही तनाव से गुजर रहा था गुस्से की वजह से मैंने कबर्ड में रखा देशी पिस्टल जिसको मेरे भाई ने एक साल पहले बीहार से कही से खरीद कर लाया था, निकाल कर पराग के ऊपर फायर कर दिया,गोली उसके सिर में लगी औऱ वह वही गिर गया.. मैं हड़बड़ा गया पश्चाताप भी हुआ मैंने मम्मी को phn लगाया औऱ बताया की मैंने भाई को मार दिया है उसने मज़ाक समझा तब मैंने माँ को विडिओ काल कर के दिखाया.. माँ ने बोला तू वही रुकना मैं अभी पुलिस को लेकर आती हूँ.. मैं डर गया औऱ पिस्टल गोली,पराग का दोनों फोन,आई कार्ड,अपना दोनों फोन आदि ले कर हड़बड़ी में अपनी जीप गाड़ी को लेकर भाग गया..!
बाद में पुलिस ने रात में ही पकड़ लिया था.. पूछ ताछ करने थाना ले आई..!
पुलिस ने तहकी कात के दौरान मौके से दो खाली खोके एक मेंगजीन, आरोपी पीयूष के कब्जे से एक जीप वाहन,एक देशी पिस्टल एक मैगजीन,17 जिन्दा कारतूस, मृतक पराग के दो फोन उसका आई कार्ड, आरोपी का दो फोन आदि बरामद किये हैँ..!
आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर आज दिनांक 26.02.24 को ज्यूडीशियाल रिमांड पर भेज दिया गया है..!
अपराध क्रमांक 115/24, धारा 302 भादवी,25/27 आर्म्स एक्ट
थाना - विधानसभा
नाम मृतक- पराग झा पिता स्व संजय झा, 28 वर्ष, निवास सफ़ायर ग्रीन फेस/02
म न /440, थाना- विधानसभा जिला रायपुर
नाम आरोपी- पीयूष झा पिता स्व संजय झा, 31 वर्ष, निवास -सफायर ग्रीन म न 440, थाना विधानसभा, जिला रायपुर
एनसीसी एवं यातायात पुलिस रायपुर के द्वारा यातायात जागरूकता पैदल रैली एवं मोटरसाइकिल हेलमेट जागरूकता रैली का आयोजन किया गया।
पैदल रैली NIT परिसर से प्रारंभ होकर साइंस कॉलेज गेट- यूनिवर्सिटी गेट के सामने से यू टर्न कर- NIT गेट- आयुर्वेदिक कॉलेज चौक में समापन एवं आयुर्वेदिक कॉलेज में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से जागरूकता कार्यक्रम किया गया।
हेलमेट जागरूकता मोटरसाइकिल रैली- NIT परिसर से प्रारंभ कर साइंस कॉलेज गेट- यूनिवर्सिटी गेट से यू टर्न कर- आयुर्वेदिक कॉलेज चौक में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से यातायात जागरूकता कार्यक्रम के बाद पुन: हेलमेट जागरूकता रैली प्रारंभ कर चौबे कॉलोनी- समता कॉलोनी- अग्रसेन चौक -रामनगर- गुढ़ियारी- भारत माता चौक- कोटा मार्ग- एनसीसी कैंप -जगन्नाथ चौक- महोबा बाजार चौक - एम्स के सामने से यू टर्न कर वापस महोबा बाजार चौक- यूनिवर्सिटी गेट- NIT परिसर में समापन किया गया।
कार्यक्रम में संजय शर्मा एआईजी ट्रैफिक पुलिस मुख्यालय नया रायपुर द्वारा एनसीसी कैडेट्स को यातायात नियमों से संबंधित जानकारी से अवगत कराये, यातायात प्रशिक्षक श्री टीके भोई एवं आरक्षक सहदेव वर्मा द्वारा एनसीसी कैडेट्स को यातायात नियमों की जानकारी से अवगत कराते हुए स्वयं को पालन करने एवं अन्य वाहन चालकों को पालन कराने अपील किया, कार्यक्रम में एनसीसी के अधिकारी, एनसीसी कैडेट्स एवं यातायात पुलिस रायपुर के अधिकारी कर्मचारी उपस्थित थे।
रेत माफियाओं के खिलाफ पूरे प्रदेश में होगी सख्त कार्यवाही विधानसभा में हुई घोषणा
हैवान पति की खौफनाक करतूत...पत्नी ने शारीरिक संबंध बनाने से किया मना, तो पति ने कर दी हत्या...पढ़िए पूरी खबर
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ की न्यायधानी से हत्या का मामला सामने आ रहा है, यहां रतनपुर क्षेत्र में एक पति ने अपनी पत्नी को मौत के घाट उतारा फिर खुद ही रिपोर्ट लिखवाने के लिए थाने पहुंच गया। पत्नी ने शारीरिक संबंध बनाने से मना कर दिया। जिसके बाद पति ने अपनी पत्नी की हत्या कर दी और रिपोर्ट लिखाने थाना पहुंच गया।
दरअसल, रतनपुर पुलिस के अनुसार, 10 फरवरी की रात 11:30 बजे भोदलापारा रतनपुर के रूपचंद पटेल पिता स्व. विसरू राम पटेल वर्ष भोंदलापारा थाने पहुंचा और बताया कि उसकी पत्नी सावनी बाई जिसका उम्र 38 वर्ष है जो बाड़ी के सेमी के नार के पास गिरी पड़ी हुई थी। जिसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रतनपुर लेकर गया। इसपर डाक्टरों ने जांच के बाद मृत होने की जानकारी दी।
सूचना पर रतनपुर पुलिस रूपचंद पटेल की रिपोर्ट पर थाने में मर्ग कायम कर जांच और पंचनामा कार्रवाई कर मृतिका का पीएम कराया गया। जो डॉक्टर द्वारा पीएम रिपोर्ट में गला घोटकर हत्या करने की बात कही। 16 फरवरी को जुर्म दर्ज कर विवेचना में लिया गया।
पुलिस की विवेचना में मृतिका के पति रूपचंद पटेल से मनोवैज्ञानिक तरीके से पुलिस पूछताछ की गई। तब पता चला कि आरोपी पति रूपचंद पटेल शराब के नशे में होने और उसकी पत्नी द्वारा शारीरिक संबंध बनाने से इनकार करने के साथ मनमुटाव हुआ और मामला इतना बढा कि उसने अपनी पत्नी की गला घोंटकर हत्या कर दी। जिस पर रतनपुर पुलिस आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा है।
रोहित तोमर एवं उसके सहयोगी योगेश सिन्हा के विरुद्ध थाना गुढ़ियारी में जबरन अपहरण कर वसूली को लेकर हुआ अपराध दर्ज
रोहित तोमर एवं उसके सहयोगी योगेश सिन्हा के विरुद्ध थाना गुढ़ियारी में जबरन अपहरण कर वसूली को लेकर हुआ अपराध दर्ज
रामनगर निवासी रामकुमार गुप्ता से करते थे ऋण देने के बदले अत्यधिक ब्याज की दर पर रकम की वसूली
रामकुमार गुप्ता निवासी रामनगर गुढ़ियारी द्वारा चौकी रामनगर में लिखित आवेदन देकर कर बताया कि रोहित तोमर से 3 वर्ष पूर्व लिए 5 लाख रुपये ऋण के एवज में आज से 3 माह पुर्व रोहित तोमर और इसके सहयोगी योगेश सिन्हा दोनों आरोपियों के द्वारा प्रार्थी का अश्लील गाली गलौज कर अपहरण कर जान से मारने की धमकी देकर प्रार्थी से अब तक नकदी और ज्वेलरी मिला कर 30 लाख रुपये की जबरन वसूली की गयी है और उसे प्रताड़ित किया गया हैं जिस पर आरोपिगणो के विरुद्ध थाना गुढ़ियारी में भादवि की धारा 323,506,294,342,365,384,34 एवं छग साहूकारी अधिनियम 1934 की धारा 4 के अंतर्गत अपराध दर्ज कर कार्यवाही की जा रही है l
यातायात माह के समापन कार्यक्रम में जागरूकता के लिए काम करने वाले संस्थाओं, विद्यार्थियों को किया गया सम्मानित
यातायात पुलिस रायपुर द्वारा दिनांक 15 जनवरी से 14 फरवरी 2024 तक 01 माह सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यातायात जागरूकता मुहिम में सहभागिता देने वाले एनजीओ, निजी संस्थान, स्कूली छात्र/छात्राएॅ एवं यातायात पुलिस के अधिकारी एवं स्टाफ का सम्मान एवं सड़क सुरक्षा माह का समापन समारोह का आयोजन कार्यालय अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात के सभागार में दोपहर 12.00 बजे से श्री गौरव कुमार सिंह कलेक्टर रायपुर, संतोष सिंह पुलिस अधीक्षक रायपुर, विश्वदीप जिला पंचायत मुख्य कार्यपालन अधिकारी एवं विमल पाठक प्रशिक्षु आईपीएस के आतिथ्य में किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों का स्वागत सचिन्द्र कुमार चौबे अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात, गुरजीत सिंह, सुशांतो बनर्जी एवं कर्ण कुमार उके, उप पुलिस अधीक्षक यातायात रायपुर द्वारा पुष्प गुच्छ प्रदाय कर स्वागत किया गया।
स्वागत उपरांत गुरजीत सिंह उप पुलिस अधीक्षक यातायात रायपुर ने विगत 01 माह में यातायात जागरूकता के दौरान किये गये कार्यों के प्रतिवेदन में बताया कि सड़क सुरक्षा माह का शुभारंभ अनुपम नगर गार्डन में जुम्बा कार्यक्रम व कलेक्ट्रेट चौक में छत्तीसगढ़ महतारी के प्रतिमा के सामने हेलमेट रैली निकालकर किया गया। इस दौरान पैदल रैली, वाकाथन, सीट बेल्ट जागरूकता रैली, ई-रिक्शा वाहनों का शहर में भ्रमण कर प्रचार प्रसार कराया, व्यवसायिक वाहन चालकों का नेत्र/स्वास्थ्य परीक्षण शिविर , व्यवसायिक वाहन चालकों का प्रशिक्षण, चौक चौराहों में पांपलेट वितरण, नियमों का पालन करने वालों को हेलमेट वितरण, वाटर बाटल वितरण, यात्री वाहनों एवं स्कूली बसों में बैनर एवं स्टीकर लगाया, स्कूल स्तरों में अलग अलग ब्लाक स्तरों में छात्र/छात्राओं का निबंध, रंगोली, चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन, चौक चौराहों में आईटीएमएस के पीए. सिस्टम से अनाउंस कर प्रचार प्रसार, शैक्षणिक संस्थाओं में छात्र/छात्राओं को यातायात नियमों की जानकारी देना, ग्रामीण क्षेत्रों में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से यातायात चौपाल लगाना एवं चौक चौराहों में पोस्टर बैनर के माध्यम से यातायात नियमों का प्रचार प्रसार करते हुए 275 कार्यक्रमों में 5 लाख 50000 से भी अधिक लोगों तक अपने बातो को पहुचाया गया।
श्री संतोश सिंह पुलिस अधीक्षक रायपुर ने अपने उद्बोधन में कहा कि पहले यातायात सप्ताह का आयोजन किया जाता है अब वह पखवाड़ा एवं माह में बदल गया है लेकिन सड़क दुर्घटनाओं को देखते हुए जिसमें लोगों की अकाल मृत्यु दिनोदिन हो रही है इसे देखते हुए लग रहा है कि सड़क सुरक्षा साल मनाना पड़ेगा। दुर्घटना जो समस्या है वह अत्यंत गंभीर है क्योंकि पुरी दुनियॉ में जनसंख्या में भारत दूसरे स्थान पर है परंतु सड़क दुर्घटना में मृतकों की संख्या में प्रथम नंबर पर है। विगत वर्ष भारत देश में लगभग 5 लाख दुर्घटनाओं में 163000 लोगों की मृत्यु एवं 446000 लोग घायल हुए। साल 2022 में रायपुर जिले में 583 लोगों की मौत हुई थी तथा साल 2023 में मौतों की संख्या 507 हो गयी जो 13 प्रतिशत कम लोग मरे है परंतु सड़क दुर्घटना एवं घायलों की संख्या में बढ़ोत्तरी हुई है। प्रत्येक व्यक्ति की जीवन महत्वपूर्ण है जिसे हम सबको बचाना है। सड़क दुर्घटना के 04 प्रमुख कारण है ओव्हर स्पीडिंग, ड्रंकन ड्रायविंग, सीट बेल्ट लगाना, हेलमेट लगाना। इन चार नियमों का भी थोड़ा सा पालन कर लिया जाय तो हम मानव मृत्यु को बहुत हद तक कम किया जा सकता है। सड़क पर निकलते है तो यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि हमें अनिवार्य रूप से यातायात नियमों का पालन किया जाए तभी दुर्घटनाओं में कमी लाया जा सकता है। सड़क दुर्घटना में घायलों की मदद करने वाले गुड सेमेरिटन को प्रोत्साहित किया जावेगा। प्रत्येक माह 05 गुड सेमेरिटन को पुरस्कृत किया जावेगा एवं अन्य लोगों को प्रेरित व प्रोत्साहित करने के लिए उनका फोटो चौक चौराहों पर होर्डिंग्स में प्रदर्शित किया जावेगा।
कलेक्टर रायपुर द्वारा अपने उद्बोधन में बताया कि लापरवाहीपूर्वक वाहन चलाने वालों के कारण जो नियम के पालन करने वाले होते है वे दुर्घटना के शिकार होते है। इसके लिए जरूरी है हम सबको यातायात नियमों का पालन करना होगा। आप चाहे 100 मीटर या 100 किमीं चले, दुर्घटना कब होगी यह कोई नही जानता है इसलिए जब भी आप सड़क पर निकले, सड़क सुरक्षा से जुड़ी हुई सभी नियमों का पालन करना होगा। सड़क सरकारी है और सड़क पर सुरक्षित चलना हम सबकी जिम्मेदारी है, अतिक्रमण कर दूसरों के लिए एवं स्वयं के लिए खतरा न बढ़ाये। सड़क सुरक्षा पूरे वर्ष की प्रक्रिया है। यातायात नियम मनाने वाली चीज नही है बल्कि यह मानने वाली चीज है, सड़क पर निकलने के दौरान हम सबको नियमों का मानना होगा। हम सबको मिलजुलकर काम करना होगा। उपस्थित एनजीओ, यातायात पुलिस एवं छात्र/छात्राओं, शिक्षकों को कहा कि आप लोग जो काम कर रहे है वह लोगों के जान बचाने का कार्य है इससे बड़ा कोई कार्य नही हो सकता। आपका यह प्रयास साल भर चलता रहे तो निश्चित ही सड़क हादसों में मरने वालों की संख्या को कम करने में सफल होंगे।
इसके पश्चात सड़क सुरक्षा माह के दौरान यातायात पुलिस के साथ कदम से कदम मिलाकर कर सराहनीय योगदान देने एनजीओ- यंग इंडियन रायपुर, एस के फायनेस, पात्रा इंडिया लिमिटेड, नेहरू युवा मंच, साया फाउंडेसन, सर्वमंगल फाउंडेसन, प्रभारी एन एस अधिकारी एवं एनएसएस दल दुर्गा महाविद्यालय, सुरक्षित भवः फाउंडेसन, प्रत्युषा फाउंडेसन, मारूती ड्रायविंग स्कूल, स्काई आटोमोबाईल्स, स्पर्श आटो मोबाईल्स, परफेक्ट ड्राईविंग स्कूल, मोर पिरोहिल लोक कला मंच के अतिरिक्त सड़क सुरक्षा माह के दौरान यातायात जन जागरूकता कार्य में प्रभावी कार्य करने वाले यातायात पुलिस रायपुर के यातायात प्रशिक्षक सहा उप निरी टी के भोई, प्रशिक्षक सहायक आरक्षक सहदेव वर्मा, रक्षित निरीक्षक अनीस सारथी, उनि माधव प्रसाद तिवारी, उनि श्याम सिंह नेताम को सम्मनित किया गया।
सड़क सुरक्षा माह 2024 के दौरान स्कूल स्तर पर भी निबंध/चित्रकला/रंगोली प्रतियोगिता का आयोजन किया गया था जिसमें रायपुर जिला के विभिन्न स्कूलों के छात्र-छात्राओं द्वारा भाग लिया गया था। प्रतिभागी छात्र-छात्राओं में से दानी गर्ल्स हा0 से0 स्कूल रायपुर, अभनपुर विकास खंड के सेजेस माध्य0 शाला, माध्य शाला मुर्रा,पलौद, जुलुम, हा0से0 स्कूल पलौद, अभनपुर, परसदा, केन्द्री, सारखी, टेकारी, पोड़ तामासिवनी, नवागांव, कोलर, कठिया, कन्या शाला अभनपुर, सोंठ, रायपुर कान्वेट स्कूल गुढ़ियारी, पूर्व माध्य0 शाला गोगांव के छात्र-छात्राओं के प्रविष्ठि श्रेष्ठ व सराहनीय पाये जाने से इन स्कूलों के 38 छात्र-छात्राओं को पुरस्कृत किया गया।
सड़क सुरक्षा व यातायात प्रबंधन पर अच्छे कार्य करने वाले यातायात शाखा के 21 पुलिस अधिकारियों को भी पुरस्कृत किया गया है।
सुशांतो बनर्जी उप पुलिस अधीक्षक यातायात रायपुर द्वारा कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों, एनजीओ, शिक्षकों, छात्र-छात्राओं, यातायात पुलिस के अधिकारी/कर्मचारी एवं मीडिया के सभी साथीगणों को अपना बहुमूल्य समय निकालकर कार्यक्रम में अपनी गरिमामयी उपस्थित प्रदाय करने के लिए आभार प्रदर्शित कर धन्यवाद देते हुए कार्यक्रम समाप्ति की घोषणा की गयी ।
