प्रदेश
आर्थिक तंगी अब सपनों को पूरा करने में बाधा नहीं बनेगी
मन्नू मानिकपुरी संवाददाता बिलासपुर
बिलासपुर, 15 नवंबर 2024//—आज सुबह का सूरज निशा यादव के लिए उम्मीद की नई किरण लेकर आया। बिलासपुर की रहने वाली निशा, जो पर्वतारोहण के अपने जुनून और सपनों के लिए संघर्ष कर रही थी, को अलसुबह एक अप्रत्याशित कॉल प्राप्त हुआ। फोन पर एक जानी-पहचानी लेकिन सम्मानित आवाज ने कहा, “आपको किलिमंजारो चढ़ना है, आप खर्च की चिंता न करें।” यह कोई और नहीं बल्कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री, विष्णु देव साय थे।
निशा के लिए यह विश्वास कर पाना मुश्किल था। उसने आश्चर्य से पूछा, “आप सच में मुख्यमंत्री जी बोल रहे हैं?” सामने से आत्मीयता भरी आवाज आई, “हाँ बेटा, मैं ही हूँ। अब आप अपने लक्ष्य पर ध्यान दें, सरकार आपकी मदद करेगी।” मुख्यमंत्री के इस आश्वासन से निशा के लिए मानो सपनों के पंख खुल गए। वह खुशी से भावुक हो गई।
मुख्यमंत्री साय ने निशा के साथ उसकी पर्वतारोहण यात्रा के अनुभवों पर विस्तार से चर्चा की। निशा ने बताया कि उसने पहले यूरोप की सबसे ऊंची चोटी, माउंट एलब्रुस की चढ़ाई की थी, जहां उसे कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। हालांकि, वह चोटी पर तिरंगा फहराने के उस गर्व से भरे क्षण को कभी नहीं भूल सकती। अब उसकी नजर अफ्रीका की सबसे ऊंची चोटी, किलिमंजारो पर थी, और उसका अंतिम सपना माउंट एवरेस्ट पर तिरंगा फहराना है।
निशा ने नम आँखों से मुख्यमंत्री को यह भी बताया कि पिछले कुछ दिनों से वह सो नहीं पा रही थी। उसके पिता एक ऑटो चालक हैं और आर्थिक स्थिति ऐसी नहीं थी कि वे निशा के इस सपने को पूरा करने में मदद कर पाते। “मैं सोचती थी कि मेरा सपना अधूरा रह जाएगा,” निशा ने अपनी भावनाएं साझा की। “लेकिन आज आपने मेरी सारी चिंताओं को दूर कर दिया। मैं आपको दिल से धन्यवाद देती हूँ, मुख्यमंत्री जी।”
मुख्यमंत्री साय ने निशा की बातें सुनकर गर्व महसूस किया और कहा, “छत्तीसगढ़ की हर बेटी हमारे लिए खास है। आपके जैसे साहसी युवा हमारी प्रेरणा हैं। आर्थिक हालात हौसलों को कभी पस्त नहीं कर सकते। आपके आत्मविश्वास और दृढ़ता से आप किलिमंजारो जरूर फतह करेंगी। हमारी शुभकामनाएं आपके साथ हैं।”
यह अनमोल पल निशा के लिए एक नए अध्याय की शुरुआत थी। यह दिखाता है कि जब साहस और मेहनत को सही दिशा मिलती है, तो आर्थिक चुनौतियां भी हार मान जाती हैं। निशा का यह सफर अब सिर्फ उसका नहीं, बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ का सपना बन गया है।
