प्रदेश
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने पत्रकार-वार्ता में नगरीय प्रशासन विभाग के कार्यों की जानकारी दी
रायपुर. 21 अगस्त 2024
उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री श्री अरुण साव ने आज रायपुर के सिविल लाइन स्थित अपने निवास कार्यालय में पत्रकार-वार्ता को संबोधित किया। उन्होंने इस दौरान नगरीय प्रशासन विभाग के कार्यों और नगरीय निकायों को विकास कार्यों के लिए दी जा रही राशि की जानकारी दी। उन्होंने राज्य के सभी नगरीय निकायों में विगत 27 जुलाई से 10 अगस्त तक आयोजित जनसमस्या निवारण पखवाड़ा में मिले आवेदनों और उनके निराकरण के बारे में भी बताया।
जनसमस्या निवारण शिविर में प्राप्त मांगों को पूरा करने तथा राज्य में शहरी अधोसंरचना को मजबूत करने मैं नगरीय निकायों के लिए 450 करोड़ रुपए जारी करने की घोषणा करता हूं इसके साथ ही नगरीय निकायों में 15वें वित्त आयोग के तहत अधोसंरचना विकास के कार्यों के लिए जल्दी ही 450 करोड़ रुपए से ज्यादा के प्रस्तावों को मंजूरी दी जाएगी। इस तरह से प्रदेश के शहरों में नए विकास कार्यों और नई सुविधाएं विकसित करने के लिए कुल 900 करोड़ रुपए नगरीय निकायों को मिलेंगे।
जनसमस्या निवारण पखवाड़ा
नागरिकों की समस्याएं दूर करने और उनकी जरुरतों को समझने के लिए प्रदेश के सभी
नगरीय निकायों में विगत 27 जुलाई से 10 अगस्त तक जनसमस्या निवारण पखवाड़ा का
आयोजन किया गया था। शहरी नागरिकों को इसका बेहतर प्रतिसाद मिला है। मैंने खुद कई
जनसमस्या निवारण शिविरों में पहुंचकर व्यवस्थाएं देखी थीं और नागरिकों से मुलाकात की थी।
मैंने सभी नगर निगमों के आयुक्तों, नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों के मुख्य नगर पालिका
अधिकारियों को लोगों की समस्याओं को यथासंभव मौके पर ही निराकृत करने के निर्देश दिए
थे।
पखवाड़ा के दौरान प्रदेश भर में आयोजित शिविरों में करीब एक लाख 30 हजार आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 37 प्रतिशत यानि 48 हजार आवेदनों का निराकरण मौके पर ही कर दिया गया है। दूसरे विभागों से संबंधित आवेदनों को संबंधित विभागों को प्रेषित करने के बाद शेष आवेदनों का परीक्षण कर शीघ्र निराकरण की कार्यवाही की जा रही है।
लोगों की जरूरतों और मांगों से संबंधित निर्माण कार्य से जुड़े कार्य बारिश की वजह से नहीं हो पाए हैं। बरसात के बाद ये कार्य तेजी से पूर्ण किए जाएंगे। शहरों में आयोजित जनसमस्या निवारण पखवाड़ा की यह बड़ी सफलता होगी।
प्रदेश के सभी नगरीय निकायों को अधोसंरचना विकास के लिए जारी की जा रही 450 करोड़ रुपए की राशि से शिविरों में प्राप्त निर्माण संबंधी काम किए जाएंगे। शहरी आबादी की बड़ी मांग इससे पूरी हो जाएगी।
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जनसमस्या निवारण शिविरों में प्रधानमंत्री आवास योजना से संबंधित 17 हजार 512 आवेदन मिले जिनमें से 1181 का त्वरित निराकरण किया गया। शिविर स्थल पर ही हितग्राहियों को पात्रतानुसार नए आवास की स्वीकृति, आवास आवेदन की त्रुटियों का निराकरण, किस्त का भुगतान तथा अधूरे आवासों को शीघ्र पूर्ण करने के संबंध में कार्यवाही की गई।
पेयजल समस्या से जुड़े 5573 आवेदनों में से 1233 का शिविर में ही समाधान किया गया। इस दौरान लोगों की मांग एवं शिकायत के अनुसार नए नल कनेक्शन, पाइपलाइन का विस्तार, पाइपलाइन लीकेज की मरम्मत, पेयजल आपूर्ति संबंधी समस्याओं को निराकृत किया गया।
जनसमस्या निवारण पखवाड़ा के दौरान डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण, नाली सफाई, पानी निकासी तथा साफ-सफाई से संबंधित शिकायतों का तत्परता से निराकरण किया गया। नगरीय निकायों की टीम द्वारा कचरा एकत्रीकरण एवं उठाव से संबंधित 1796 आवेदनों में से 1127 को शिविर स्थल पर ही निराकृत किया गया।
शिविरों में निराश्रितों को सामाजिक सुरक्षा पेंशन में आ रही समस्याओं का यथाशीघ्र निराकरण कर पेंशन की राशि प्रदान की गई। सामाजिक सुरक्षा पेंशन संबंधी प्राप्त 2263 आवेदनों में से निकाय स्तर के 570 आवेदनों को तत्काल निराकृत किया गया। शेष आवेदनों के परीक्षण की कार्यवाही जारी है।
नगरीय निकायों में आयोजित शिविरों में सड़क व नाली मरम्मत तथा निर्माण कार्य से जुड़े 17 हजार 655 आवेदनों में से 809 आवेदनों को तत्काल स्वीकृत कर सड़क और नाली मरम्मत के कार्य किए गए। शेष मांगों के अनुरूप नई नाली और सड़क निर्माण कार्य की स्वीकृति के लिए प्रस्ताव तैयार किए जा रहे हैं। नवीन निर्माण कार्यों से संबंधित प्रस्ताव स्थल चयन तथा जांच के उपरांत निकाय के माध्यम से शासन को भेजे जाएंगे।
जनसमस्या निवारण पखवाड़ा के दौरान शिविर स्थल पर ही संपत्ति कर के भुगतान की सुविधा मुहैया कराई जा रही थी। नए भवनों के संपत्ति कर एवं संपत्ति निर्धारण संबंधी शिकायतों के निराकरण के साथ ही इनसे संबंधित 642 आवेदनों में से 380 को मौके पर ही निराकृत किया गया।
